बिटकॉइन और Ethereum की लेटेस्ट कीमतें और मार्केट ट्रेंड जानें, जहां गिरावट के बावजूद तेजी की उम्मीद बनी हुई है आखिर क्यों?
Bitcoin -Ethereum price update: महीने के आखिरी दिन भी क्रिप्टो करेंसी मार्केट की सेहत कुछ खास नहीं रहा। शुक्रवार को भी क्रिप्टो करेंसी बाजार गिरावट के साथ खुली। शुरुआती कारोबार में Bitcoin और Ethereum दोनों दबाव में दिखाई दिया। बिटकॉइन 73,525.74 डॉलर के साथ खुला जो पिछेले दिनों के मुकाबले करीब 1.1 प्रतिशत कम था। एथेरियम ने भी कमजोर शुरुआत की और 2,006.97 डॉलर पर ओपन हुआ। जिसमें लगभग 0.7 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई।
दिन के शुरुआती घंटों में और गिरावट
बिटाकॉइन की कीमत गिरकर 73,381.81 डॉलर पर पहुंच गई। वहीं, एथेरियम भी घटकर 2,003.66 डॉलर तक फिसल गया। लगातार गिरते मार्केट शुरुआती कारोबार में बिकवाली का दबाव लगातार बना रहा। अगर कुछ आंकड़ों पर गौर करें तो बिटकॉइन पिछले एक सप्ताह में लगभग 5.2 प्रतिशत गिरा है। एक महीने में इसमें 3.7 प्रतिशत की कमजोरी देखने को मिली। सालाना आधार पर इसमें करीब 31.8 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई है। वहीं, बात एथेरियम की करे तो यह पिछले एक सप्ताह में 5.8 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई है। महीने में 12.3 प्रतिशत और सालाना 25.2 प्रतिशत की गिरावट देखी गई।
ऑल-टाइम हाई से काफी नीचे कीमतें
बता दें कि बिटकॉइन पिछले साल 2025 में 6 अक्टूबर को ऑल टाइम हाई की सीमा को पार किया था। वहीं, इससे पहले एथेरियम 24 अगस्त को ही अपनी उच्चतम सीमा को छू लिया था। उस समय बिटकॉइन 126,198.07 और एथेरियम 4,953.73 डॉलर की कीमतों को पार किया था। अगर मौजूदा समय में के कीमतों की से तुलना करें तो यह रिकार्ड स्तर पर नीचे दिखाई दे रही है। इसके पीछे का कारण अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव ने वैश्विक बाजारों में अनिश्चितता बढ़ा दी है। ड्रोन हमलों और सैन्य कार्रवाई की खबरों के बाद निवेशकों ने जोखिम कम करना शुरू किया, जिसका सीधा असर क्रिप्टो बाजार पर पड़ा। मिडिल ईस्ट में चल अमेरिका – ईरान के बीच तनाव को माना जा रहा है। पिछले कुछ दिनों से भारी मात्रा में निकासी भी बाजार में गिरावट की वजह मानी जा रही है।
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60 दिन के सीजफायर का विस्तार पर बातें
लेकिन इस सबों के बीच सकारात्मक संकेत भी मिल रहा है। ईरान के साथ 60 दिन के सीजफायर पर चर्चाएं चल रही है अगर इसमें विस्तार मिलता है और दोनों देश अपनी सहमति देती है तो बाजार में रौनक लौट सकती है। इसके अलावे, स्ट्रेट ऑफ होर्मुज़ को लेकर कोई सकारात्मक समझौता भी वैश्विक व्यापार को राहत देगा सकता है। ऐसे संभव है कि निवेशक फिर से क्रिप्टो की ओर रुख कर सकते हैं।
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क्रिप्टो और हाउसिंग मार्केट का नया कनेक्शन
इसके इतर, अमेरिकी हाउसिंग सिस्टम में क्रिप्टो को लेकर बदलाव की चर्चाएं तेज है। भविष्य में क्रिप्टो को मॉर्टगेज एसेट के रूप में स्वीकार किए जाने की संभावना है। अगर सरकार इसे लागू करा पाने में सक्षम होती है तो डिजिटल एसेस्ट का उपयोग व्यापक स्तर पर हो सकता है। जिससे क्रिप्टो करेंसी की उयोगिता काफी बढ़ जाएगी। फिलहाल, क्रिप्टो बाजार दबाव में है इससे इंकार नहीं किया जा सकता। इसलिए निवेशकों की नजर अब आनेवाले कूटनीति, वैश्विक नीति पर रहेगी।
