Europe Data Centre Microgrid: यूरोप का पहला ऐसा डेटा सेंटर आयरलैंड के वेस्ट डबलिन में शुरू हो गया है, जो देश के सरकारी बिजली ग्रिड से बिल्कुल जुड़ा नहीं है। यह अपनी खुद की बिजली खुद बनाता है। इसे Pure Data Centres Group चलाती है और पावर सिस्टम AVK कंपनी ने तैयार किया है।
यूरोप का पहला प्राइवेट माइक्रोग्रिड डेटा सेंटर आयरलैंड में शुरू हो गया है। यह डेटा सेंटर सरकारी बिजली ग्रिड से बिल्कुल अलग अपनी खुद की बिजली बनाता है।
यह डेटा सेंटर खास क्यों है?
आमतौर पर डेटा सेंटर सरकारी बिजली ग्रिड पर निर्भर होते हैं, लेकिन यह डेटा सेंटर अपने खुद के माइक्रोग्रिड पर चलता है। अभी यह नेचुरल गैस से बिजली बनाता है, लेकिन आगे चलकर बायोमीथेन और HVO जैसे हरित ईंधन पर भी स्विच करने की योजना है। इस पूरे प्रोजेक्ट में करीब 1.2 अरब डॉलर का निवेश हुआ है।
Pure Data Centre के चेयरमैन Gary Wojtaszek ने बताया कि यह माइक्रोग्रिड 110 मेगावाट बिजली पैदा करेगा जो करीब एक लाख घरों को बिजली देने के लिए काफी है। ऐसे माइक्रोग्रिड डेटा सेंटर अमेरिका में पहले से हैं लेकिन यूरोप में यह पहली बार हुआ है।
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आयरलैंड में डेटा सेंटर की समस्या क्या है?
आयरलैंड यूरोप का बड़ा डेटा सेंटर हब बन गया है, लेकिन इसका एक बड़ा नुकसान भी है। 2015 में डेटा सेंटर देश की कुल बिजली का सिर्फ 5 फीसदी इस्तेमाल करते थे। 2024 में यह बढ़कर 22 फीसदी हो गया। और 2030 तक यह एक तिहाई तक पहुंच सकता है। AVK के CEO बेन प्रिचर्ड ने कहा कि AI और डेटा का बढ़ता इस्तेमाल ग्रिड पर और ज्यादा दबाव डालेगा इसलिए अलग रास्ता खोजना जरूरी था।
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दुनिया में भी यही रुझान
अमेरिका में राष्ट्रपति ट्रंप भी बड़ी टेक कंपनियों से कह चुके हैं कि खुद बिजली बनाओ। यूरोपियन कमीशन का कहना है कि 2040 तक यूरोप को डिजिटल और AI इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए कम से कम 1.2 ट्रिलियन यूरो का निवेश करना होगा।
