AI क्लाउड की रफ्तार होगी दोगुनी! CES 2026 में Lenovo-NVIDIA का Gigafactory धमाका!

7 mins read
82 views
AI क्लाउड की रफ्तार होगी दोगुनी! CES 2026 में Lenovo-NVIDIA का Gigafactory धमाका!
January 7, 2026

Lenovo- NVIDIA Deal: CES 2026 इवेंट से Lenovo और Nvidia ने यह साफ कर दिया है कि आने वाले वर्षों में AI सिर्फ सॉफ्टवेयर में नहीं, इंफ्रास्ट्रक्चर में खेला करेगा। इसी को मद्देजनजर रखते हुए दोनों दिग्गज कंपनियों ने मिलकर AI Cloud Gigafactory Program लॉन्च किया है।जो Artificial Intelligence  को बड़े पैमाने पर तेज़ी से प्रोडक्शन में लाने की दिशा में एक निर्णायक भूमिका अदा कर सकता है। तो आइए जानते हैं दोनों के बीच हुई साझेदारी का आगे और क्या असर दिखनेवाला है।

CES 2026 में Lenovo–NVIDIA की ऐतिहासिक साझेदारी! AI Cloud Gigafactory प्रोग्राम से बदल जाएगा पूरा AI इंफ्रास्ट्रक्चर गेम। जानिए पूरी डिटेल्स।

Factory Model की एंट्री

इस नए प्रोग्राम का फोकस पारंपरिक डेटा सेंटर्स से आगे बढ़कर गीगावाट-स्केल AI फैक्ट्रियों को तैयार करना है। इससे AI क्लाउड प्रोवाइडर्स को लंबे सेटअप टाइम और भारी टेक्निकल जटिलताओं से मुक्त करना है।  जिससे वे रिकॉर्ड समय में प्रोडक्शन-रेडी AI सर्विसेज़ लॉन्च कर सकें और अपने निवेश से बेहतर रिटर्न हासिल कर सकें।

READ MORE-  xAI ने जुटाए 20 बिलियन डॉलर, Nvidia ने भी किया समर्थन

हफ्तों में ही TTFT का वादा

Lenovo- NVIDIA का दावा है कि यह गीगाफैक्ट्री प्रोग्राम AI डेवलपमेंट की सबसे बड़ी बाधा, डिप्लॉयमेंट टाइम को काफी हद तक कम कर देगा। पहले जहां AI मॉडल को लाइव करने में महीनों लग जाते थे। वहीं, अब Time to First Token यानी TTFT कुछ ही हफ्तों में हासिल किया जा सकेगा। इसके लिए रेडी-टू-यूज़ कंपोनेंट्स, ऑटोमेटेड डिजाइन और एक्सपर्ट-लेड इम्प्लीमेंटेशन को एक साथ जोड़ा गया है।

AI फैक्ट्रियों को नई ऊंचाईयों का दावा

लेनोवो के चेयरमैन और सीईओ Yang Yuanqing ने इस साझेदारी को AI इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए  काफी महत्वपूर्ण करार दिया है। उनका कहना है कि Lenovo और NVIDIA मिलकर AI फैक्ट्रियों को गीगावाट लेवल तक स्केल कर रहे हैं। जिससे क्लाउड-स्केल इंफ्रास्ट्रक्चर पहले से कहीं ज्यादा आसान, तेज़ और भरोसेमंद हो जाएगी।

लिक्विड कूलिंग और मैन्युफैक्चरिंग का कॉम्बिनेशन

इस पूरे मॉडल की रीढ़ है लेनोवो की Neptune Liquid Cooling Technology। जो हाई-डेंसिटी AI वर्कलोड्स को बेहतर कुशलता के साथ संभालने में सक्षम है। इसके साथ कंपनी की ग्लोबल मैन्युफैक्चरिंग और सप्लाई चेन क्षमताएं मिलकर ऐसे AI फैक्ट्री डिजाइन तैयार किया है जो आनेवाले दिनों में काफी महत्वपूर्ण साबित होगा।

READ MORE-  अब आधार नंबर किसी को बताने की जरूरत नहीं, QR कोड ही काफी है…जानें नया फीचर

पहले से क्लाउड दिग्गजों का भरोसा

लेनोवो का कहना है कि वह पहले ही दुनिया के टॉप-10 पब्लिक क्लाउड प्रोवाइडर्स में से 8 को इंफ्रास्ट्रक्चर सपोर्ट दे रहा है। नए AI Cloud Gigafactory Program के साथ कंपनी कंप्यूट, स्टोरेज, नेटवर्किंग और सॉफ्टवेयर को एकीकृत कर ऐसा एंड-टू-एंड स्टैक पेश करना चाहती है, जिससे AI निवेश को सीधे बिजनेस नतीजों में बदला जा सके।

AI इंफ्रा की रेस में अगला बड़ा मोड़

इससे स्पष्ट होता है कि आनवाले दिनों में अब ये चर्चाएं होंगी कि कौन कंपनी सबसे तेज़, सबसे स्केलेबल और सबसे एफिशिएंट AI इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार कर पाती है। फिलहाल, इस रेस में लेनोवो व एनवीडिया बढ़ाते हुए दिख रही है।

Rahul Ray

मीडिया क्षेत्र में 10 वर्षों का अनुभव। हिन्द पोस्ट हिन्दी मैगज़ीन, ईटीवी भारत और दैनिक भास्कर जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों के साथ कार्य करते हुए प्रिंट और डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय भूमिका निभाई है। दिल्ली और बिहार के विभिन्न जिलों में न्यूज़ रिपोर्टिंग, ग्राउंड स्टोरीज़, कंटेंट प्लानिंग, कॉपी एडिटिंग एवं कंटेंट एडिटिंग से जुड़ी विभिन्न जिम्मेदारियों को सफलतापूर्वक संभालने का अनुभव है। मैंने भारतीय विद्या भवन, दिल्ली से मास कम्युनिकेशन में डिप्लोमा और गुरु जम्भेश्वर विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, हिसार से डिग्री प्राप्त की है। पाठक केंद्रित कंटेंट तैयार करना मेरी कार्यशैली में शामिल रही है।

Leave a Reply

Your email address will not be published.

VALORANT 2026: नया सीजन, नया हथियार, अपडेटेड मैप्स और मोड्स
Previous Story

VALORANT 2026: नया सीजन, नया हथियार, अपडेटेड मैप्स और मोड्स

CES 2026: दुनियां का पहला सैटेलाइट कॉलिंग फोन लॉन्च!-infinix note 60 phone
Next Story

CES 2026: दुनियां का पहला सैटेलाइट कॉलिंग फोन लॉन्च!

Latest from Artificial Intelligence

Google और Khan Academy का AI शिक्षा में नया बदलाव

Google और Khan Academy का AI शिक्षा में नया बदलाव

Khan Academy AI: Google ने हाल ही में Khan Academy के साथ साझेदारी की घोषणा की है। इसका उद्देश्य AI सहायता वाले लर्निंग टूल्स तैयार करना है, जो छात्रों और शिक्षकों दोनों की कक्षा में मदद करेंगे। इस साझेदारी की जानकारी इस साल ब्रिटिश Bett कॉन्फ्रेंस में दी गई है, जिसमें Google ने बताया है कि वह Gemini AI मॉडल्स को Khan Academy के लर्निंग प्लेटफॉर्म में शामिल करेगा।  Khan Academy में Google का Gemini AI शामिल, Writing और Reading Coach छात्रों की पढ़ाई को आसान और प्रभावी बनाएंगे।   शिक्षक की जगह नहीं, मदद के लिए AI  Google और Khan Academy का कहना है कि AI का मकसद शिक्षक की जगह लेना नहीं, बल्कि छात्रों की पढ़ाई में मदद करना है। इस साझेदारी का लक्ष्य खासतौर पर मिडल और हाई स्कूल के छात्रों की पढ़ाई और लेखन में कमियों को पूरा करना है।  छात्रों के सीखने के तरीके के अनुसार टूल्स  Google के अनुसार, प्रभावी AI लर्निंग साइंस पर बेस्ड होना चाहिए। Khan Academy के शिक्षकों का सालों का अनुभव AI टूल्स को छात्रों की वास्तविक जरूरतों के अनुसार तैयार करने में इस्तेमाल किया गया है। स्कूलों ने खासतौर पर साक्षरता को बड़ी चुनौती बताया है और यह साझेदारी उसी समस्या को हल करने के लिए बनाई गई है।  AI से मार्गदर्शन  Khan Academy ने अपना नया Writing Coach पेश किया है, जो Gemini AI द्वारा संचालित है। यह टूल छात्रों के लिए निबंध नहीं लिखता, बल्कि उन्हें आउटलाइन बनाने, लेखन और संपादन करने की प्रक्रिया में मार्गदर्शन करता है। इसका उद्देश्य छात्रों को सोचने और विचार व्यक्त करने की क्षमता देना है।  शिक्षक इसे पूर्ण इंटरएक्टिव मोड या केवल फीडबैक मोड में इस्तेमाल कर सकते हैं। टूल अमेरिका में कक्षा 7 से 12 के छात्रों के लिए उपलब्ध है और बीटा वर्जन कक्षा 5 और 6 के छात्रों के लिए भी है। यह persuasive writing, expository

Don't Miss