Google और Apple स्टोर से हटाए गए ये VPN एप्स, देखें लिस्ट

3 mins read
792 views
VPN App
January 6, 2025

गृह मंत्रालय ने Google और Apple को इन VPN ऐप्स को हटाने का आदेश दिया था, जिसके बाद यह कार्रवाई की गई है।

VPN App Ban: भारत में Google Play Store और Apple App Store से कई VPN यानी वर्चुअल प्राइवेट नेटवर्क ऐप को हटा दिए गए हैं। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, यह कदम 2022 में सरकार द्वारा जारी किए गए एक गैजेट के तहत उठाया गया है। इसके तहत VPN सेवा प्रोवाइडर को अपने यूजर की जानकारी इकट्ठा करके स्टोर करना अनिवार्य कर दिया गया था। बता दें कि VPN कंपनी और सरकार के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा था।

गृह मंत्रालय का आदेश

मीडिया रिपोर्ट मुताबिक, गृह मंत्रालय ने Google और Apple को अपने प्ले स्टोर से इन VPN ऐप्स को हटाने का आदेश दिया था। Google को यह अनुरोध 29 अक्टूबर को भेजा गया था, जिसकी जानकारी लुमेन डेटाबेस पर देखी गई।

हटाए गए VPN एप्स

  • 1.1.1 एप
  • me
  • X-VPN
  • PrivadoVPN
  • Touch VPN

हालांकि, Proton VPN, Express VPN, Private Internet Access, और Mullvad जैसे अन्य VPN एप्स अभी भी दोनों प्लेटफॉर्म्स पर मौजूद हैं।

2022 के नियम और प्रतिक्रिया

2022 में CERT-In ने निर्देश दिया था कि VPN प्रोवाइडर अपने ग्राहकों की जानकारी जैसे कि नाम, पता, IP पता और संपर्क डिटेल्स पांच साल तक स्टोर करें। इन नियमों का पालन करने की बजाय कई VPN प्रोवाइडर ने भारत में अपने भौतिक सर्वर बंद कर दिए, लेकिन अपनी सेवाएं जारी रखीं। यह कार्रवाई इन नियमों के तहत पहली बड़ी कार्रवाई मानी जा रही है।

Ragini Sinha

5 साल के अनुभव के साथ मैंने मीडिया जगत में कंटेट राइटर, सीनियर कंटेंट राइटर, मीडिया एनालिस्ट और प्रोग्राम प्रोड्यूसर के तौर पर काम किया है। बिहार चुनाव और दिल्ली चुनाव को मैंने कवर किया है। अपने काम को लेकर मुझे पुरस्कार से सम्मानित भी किया जा चुका है। काम को जल्दी सीखने की कला मुझे औरों से अलग बनाती है।

Leave a Reply

Your email address will not be published.

stock market
Previous Story

शेयर बाजार में गर्दा उड़ाने आ रहें 7 नए IPO, देखें डिटेल्स

TRAI
Next Story

अब बिना आपकी परमिशन के नहीं आएंगे कोई कॉल्स!

Latest from Apps

Google-Maps-की-छुट्टी-Mappls

Google Maps की छुट्टी! Mappls में आया ऐसा फीचर जो बदल देगा सफर का तरीका

Mappls public transport feature:  Google Maps को कड़ी टक्कर देने वाला देसी मैप प्लेटफॉर्म Mappls यानी MapMyIndia अब एक नए दौर में प्रवेश कर चुका है। कंपनी ने अपने नेविगेशन ऐप में मल्टीमॉडल पब्लिक ट्रांसपोर्ट रूट को
Blinkit छोड़कर Flipkart लौटे CFO विपिन कपूरिया

Blinkit छोड़कर Flipkart लौटे CFO विपिन कपूरिया

Blinkit CFO Resignation: क्विक कॉमर्स कंपनी Blinkit के चीफ फाइनेंशियल ऑफिसर विपिन कपूरिया ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। रिपोर्ट के मुताबिक, वह एक बार फिर Flipkart में सीनियर फाइनेंस रोल में लौट रहे हैं। इस खबर ने ई कॉमर्स और क्विक कॉमर्स इंडस्ट्री में चर्चा तेज कर दी है।  क–कॉमर्स सेक्टर में बड़ा बदलाव: Blinkit छोड़कर Flipkart लौटे CFO विपिन कपूरिया, IPO और फंडिंग के दौर में अहम फैसला।  Blinkit में एक साल से थोड़ा ज्यादा का सफर  विपिन कपूरिया 2024 में Blinkit से जुड़े थे। उन्होंने यहां 1 साल से थोड़ा ज्यादा समय काम किया है। वह गुरुग्राम बेस्ड Blinkit में शामिल होने से पहले Flipkart में वाइस प्रेसिडेंट के पद पर थे। कपूरिया Blinkit के पहले फुल टाइम CFO थे क्योंकि यह पद 2022 से खाली था। उस समय Zomato द्वारा Blinkit के अधिग्रहण के बाद तत्कालीन CFO अमित सचदेवा ने कंपनी छोड़ दी थी।  Flipkart के साथ पुराना रिश्ता  Flipkart में विपिन कपूरिया की यह तीसरी पारी होगी। उन्होंने पहली बार 2015 में Flipkart जॉइन किया था। इसके बाद 2018 में वह हॉस्पिटैलिटी स्टार्टअप Oyo चले गए। 2020 में उन्होंने दोबारा Flipkart में वापसी की और फिर 2024 में Blinkit से जुड़े। अब एक बार फिर वह Flipkart के फाइनेंस लीडरशिप का हिस्सा बनने जा रहे हैं।  Blinkit और Eternal में अहम भूमिका  Blinkit में रहते हुए कपूरिया ने कंपनी के CEO अल्बिंदर ढिंढसा और Eternal के CFO अक्षांत गोयल के साथ मिलकर काम किया है। वह उस दौर में Blinkit से जुड़े थे, जब Eternal ने 8,500 करोड़ की राशि Qualified Institutional Placement के जरिए जुटाई थी। यह फंडिंग Blinkit और पूरे क्विक कॉमर्स सेक्टर के लिए अहम मानी गई है।  READ MORE: Aman Jain बने Meta के नए पॉलिसी हेड  क्विक कॉमर्स सेक्टर में तेजी और फंडिंग  पिछले 12 से 14 महीनों में क्विक कॉमर्स इंडस्ट्री में बड़ा बदलाव देखने को मिला है।  Swiggy ने 2024 में IPO और हालिया QIP के जरिए 14,500 करोड़ जुटाए।  Zepto अगले साल 11,000 करोड़ का IPO लाने की तैयारी में है।  READ MORE: Flipkart लाया स्मार्टफोन एक्सचेंज ऑफर, 40 मिनट में ऐसे करें अप्लाई  Flipkart Minutes में नेतृत्व बदलाव 
भारत का ‘बंदर अपना दोस्त’ बना YouTube का सुपरस्टार, रचा इतिहास

भारत का ‘बंदर अपना दोस्त’ बना YouTube का सुपरस्टार, रचा इतिहास

Bandar Apna Dost: YouTube पर AI से बना कंटेंट अब सिर्फ एक नया ट्रेंड नहीं रह गया है, बल्कि यह करोड़ों की कमाई और अरबों व्यूज वाला बड़ा बिजनेस बन चुका है। इस बदलाव के केंद्र में अब भारत आ गया है। एक नई रिपोर्ट के मुताबिक, भारतीय AI Shorts चैनल Bandar Apna Dost ने अपने AI-generated वीडियो से अब तक 2.07 अरब व्यूज हासिल कर लिए हैं। इसके साथ ही यह चैनल दुनिया का सबसे ज्यादा देखा जाने वाला AI slop चैनल बन गया है।  AI से बने YouTube Shorts कैसे करोड़ों व्यूज और मोटी कमाई कर रहे हैं? इस रिपोर्ट में जानिए कैसे भारत का एक AI चैनल दुनिया में सबसे आगे निकल गया।  कमाई में भी सबसे आगे भारत  व्यूज के साथ–साथ कमाई के मामले में भी Bandar Apna Dost ने सभी को पीछे छोड़ दिया है। रिपोर्ट का अनुमान है कि यह चैनल सालाना करीब 4.25 मिलियन डॉलर कमाता है। भारतीय रुपये में देखें तो यह रकम लगभग 370 करोड़ से ज्यादा बैठती है। यह आंकड़ा साफ दिखाता है कि AI बेस्ड स्टोरीटेलिंग अब YouTube पर बेहद ताकतवर बन चुकी है।  AI Shorts अब हर जगह दिख रहे हैं  जिस रिपोर्ट में इस चैनल की सफलता सामने आई है, उसमें यह भी बताया गया है कि YouTube Shorts पर AI कंटेंट कितनी तेजी से फैल रहा है। Kapwing की स्टडी के अनुसार, नए यूजर्स को जो Shorts वीडियो सुझाए जाते हैं, उनमें से हर 5 में से एक वीडियो AI generated होता है। Bandar Apna Dost इसी बदलाव का सबसे बड़ा उदाहरण है। इसके AI ड्रिवन वीडियो फॉर्मेट ने बहुत कम समय में जबरदस्त पहचान बना ली है और आज यह चैनल व्यूज और कमाई, दोनों में ग्लोबल लीडर बन चुका है।  READ MORE: YouTube ने लॉन्च किया ‘Shorts Timer’, बढ़ेगी वीडियो देखने समझदारी  AI कंटेंट को लेकर बहस भी तेज 

Don't Miss