फोन में हैं ये 15 Apps तो तुरंत करें Delete, देखें लिस्ट

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November 28, 2024

एक रिपोर्ट में सामने आया है कि भारतीय Google Play Store से ऐसे कई ऐप्स डाउनलोड कर लेते हैं जिसके कारण वह धोखाधड़ी के शिकार हो जाते हैं।

15 Fake apps : भारत में सबसे ज्यादा लोग फर्जी ऐप डाउनलोड करते हैं। ऐसा कहना हमारा नहीं बल्कि एक रिपोर्ट में सामने आई है। Google Play Store से लोगों ने ऐसे ऐप डाउनलोड किए हैं जो तुरंत लोन दिलाने का वादा करते हैं, लेकिन आपको बता दें कि असल में ये धोखाधड़ी वाले ऐप हैं। पहले ये ऐप्स आपकी सारी प्राइवेट इन्फॉर्मेशन जैसे नाम, पता, फोन नंबर और बैंक डिटेल्स चुरा लेंगे फिर ये लोग आपके बैंक अकाउंट से सारे पैसे निकाल लेंगे। बता दें कि कुछ ऐप्स को स्टोर से हटा दिया गया है, लेकिन कई लोगों के फोन में अभी भी ये ऐप्स मौजूद हैं। अगर आपके पास भी ये ऐप्स हैं तो आपको इससे होने वाले खतरे के बारे में पता होना चाहिए।

ये ऐप्स आपकी सारी जानकारी ले लेते हैं

जब आप इन फर्जी ऐप्स को डाउनलोड करते हैं तो आपसे कई तरह की परमिशन मांगी जाती हैं। इनमें आपके फोन के कॉल, मैसेज, कैमरा, माइक्रोफोन और लोकेशन एक्सेस करने की परमिशन शामिल होती है। लोग जल्दी लोन पाने के चक्कर में ये परमिशन दे देते हैं। इन ऐप्स को जैसे ही ये परमिशन मिलता है ये आपकी बैंक डिटेल्स और OTP चुरा लेते हैं।

ये ऐप्स Google के सुरक्षा नियमों को भी चकमा देते हैं, जिसकी वजह से ये Play Store पर दिखाई देते रहते हैं। इस मामले को लेकर कुछ लोगों का कहना है कि इन ऐप्स के जरिए हैकर्स उनकी प्राइवेट तस्वीरें चुराकर उन्हें धमकाते हैं। अगर आपको लगता है कि आपके फोन में भी ये फर्जी ऐप है तो आप बिना देर करें उसे तुरंत डिलीट कर दें। आइए आपको बताते हैं कि ये कौन से ऐप्स हैं।

ये 15 ऐप्स करें डिलीट

  • Préstamo Seguro-Rápido, seguro
  • Préstamo Rápido-Credit Easy
  • ได้บาทง่ายๆ-สินเชื่อด่วน
  • RupiahKilat-Dana cair
  • ยืมอย่างมีความสุข – เงินกู้
  • เงินมีความสุข – สินเชื่อด่วน
  • KreditKu-Uang Online
  • Dana Kilat-Pinjaman kecil
  • Cash Loan-Vay tiền
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  • PrêtPourVous
  • Huayna Money
  • IPréstamos: Rápido
  • ConseguirSol-Dinero Rápido
  • ÉcoPrêt Prêt En Ligne

Google ने पहले से ही कर रखा है अलर्ट

Google ने लोगों को ऑनलाइन फ्रॉड के बारे में अलर्ट किया है। आजकल लोग काफी ऑनलाइन धोखाधड़ी के शिकार हो रहे हैं। जालसाज मुफ्त सामान या अच्छे निवेश के अवसरों का वादा करके लोगों से पैसे ऐंठ रहे हैं। कई लोग इन धोखाधड़ी के शिकार हो जाते हैं और अपना पैसा खो देते हैं।

Ragini Sinha

5 साल के अनुभव के साथ मैंने मीडिया जगत में कंटेट राइटर, सीनियर कंटेंट राइटर, मीडिया एनालिस्ट और प्रोग्राम प्रोड्यूसर के तौर पर काम किया है। बिहार चुनाव और दिल्ली चुनाव को मैंने कवर किया है। अपने काम को लेकर मुझे पुरस्कार से सम्मानित भी किया जा चुका है। काम को जल्दी सीखने की कला मुझे औरों से अलग बनाती है।

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भारत ग्लोबल साउथ देशों के लिए टेक्नोलॉजी साझा करने में आगे

India Open Source Platforms:  प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को वैश्विक संसदीय मंच पर भारत की टेक्नोलॉजी साझा करने की पहल को रेखांकित किया। दिल्ली में 28वें कॉन्फ्रेंस ऑफ स्पीकर्स एंड प्रेसाइडिंग ऑफिसर्स ऑफ कॉमनवेल्थ 2026 के उद्घाटन अवसर पर मोदी ने कहा कि भारत ओपन सोर्स टेक्नोलॉजी प्लेटफॉर्म बना रहा है, जिन्हें ग्लोबल साउथ के देश अपनाकर अपने सिस्टम में लागू कर सकते हैं।  भारत ग्लोबल साउथ देशों के लिए टेक्नोलॉजी साझा कर रहा है, प्रधानमंत्री मोदी ने CSPOC 2026 में ओपन सोर्स प्लेटफॉर्म और डिजिटल नवाचारों को साझा करने की पहल की जानकारी दी। भारत की ओपन सोर्स पहल  मोदी ने कहा कि अब भारत की टेक्नोलॉजी विकास रणनीति केवल देश के भीतर सीमित नहीं है। उनका उद्देश्य यह है कि भारत में बने नवाचार ग्लोबल साउथ के देशों के लिए भी उपयोगी हों। उन्होंने कहा कि हमारे नवाचार पूरे ग्लोबल साउथ और कॉमनवेल्थ देशों के लिए लाभकारी हों। इसके लिए हम ओपन सोर्स टेक्नोलॉजी प्लेटफॉर्म बना रहे हैं, ताकि अन्य देश भी भारत जैसे सिस्टम विकसित कर सकें।  पिछले कुछ सालों में भारत ने पहचान, पेमेंट और प्रशासन के क्षेत्र में बड़े पैमाने पर डिजिटल सिस्टम बनाए हैं। कई छोटे देशों के लिए यह व्यावहारिक साबित हो रहा है क्योंकि महंगे सॉफ़्टवेयर पर निर्भर होने की जरूरत नहीं है।  ग्लोबल साउथ पर जोर  प्रधानमंत्री ने कहा कि दुनिया तेजी से बदल रही है और ग्लोबल साउथ के देशों को अपना मार्ग खुद तय करना जरूरी है। भारत ने अंतरराष्ट्रीय मंचों पर लगातार ग्लोबल साउथ की चिंताओं को उठाया है। G20 अध्यक्षता के दौरान भी ये मुद्दे मुख्य चर्चा में रहे। मोदी ने कहा कि वैश्विक विकास संतुलित तभी हो सकता है जब दुनिया के बड़े हिस्से पीछे न रहें।  READ MORE: Elon Musk ने मोदी सरकार को कोर्ट में दी चुनौती? जानें क्यों  लोकतंत्र और संसदीय शिक्षा  मोदी ने CSPOC सम्मेलन के व्यापक उद्देश्य पर भी प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि इसका मुख्य लक्ष्य विभिन्न देशों में संसदीय लोकतंत्र की जानकारी और समझ बढ़ाना है। मोदी ने भारत के लोकतंत्र की मजबूती और विविधता को इसकी ताकत बताया। उन्होंने इसे एक बड़े पेड़ की तरह बताया, जिसकी जड़ें गहरी हैं और शाखाएं बहस, संवाद और सामूहिक निर्णय लेने के लिए फैली हुई हैं।  READ MORE: X पर पीएम मोदी का दबदबा, भारत में सबसे ज्यादा पसंद किए गए पोस्ट  मोदी ने कहा कि भारत सिर्फ टेक्नोलॉजी प्रदाता नहीं है, बल्कि प्रशासन, कानून निर्माण और डिजिटल सिस्टम के अनुभव साझा करने वाला साझेदार बनना चाहता है। इस सम्मेलन में यह संदेश भी गया कि भविष्य में टेक्नोलॉजी और लोकतंत्र को एक साथ विकसित करना जरूरी है, खासकर उन देशों के लिए जो अभी अपनी आधारभूत प्रणाली बना रहे हैं। 
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क्या आप जिंदा हैं? हर 48 घंटे में आपसे पूछेगा ये App

Are You Alive App: जरा सोचिए… आपका फोन हर दो दिन में आपसे सिर्फ एक सवाल पूछे ‘क्या आप जिंदा हैं? और अगर आप जवाब नहीं देते, तो आपके परिवार या दोस्तों को अलर्ट भेजा जाता है।  यह सुनने में जरा अजीब लगता है, लेकिन चीन में लाखों लोग Are You Dead? ऐप डाउनलोड कर रहे हैं, जो बिल्कुल यही करता है।  Are You Dead?ऐप चीन में लोकप्रिय, अकेले रहने वालों के लिए डिजिटल सुरक्षा का तरीका, जो याद दिलाता है कि आप जिंदा हैं।  ऐप का तरीका आसान और सीधा  Are You Dead? ऐप बहुत आसान है। इसमें कोई चैट, प्रोफाइल या सोशल फीड नहीं है। बस एक बड़ा बटन है जिस पर लिखा है I’m Alive। हर 48 घंटे में यूजर्स को इस पर टैप करना होता है। अगर कोई लगातार दो बार चेक इन करना भूल जाता है, तो ऐप प्री सेलेक्टेड इमरजेंसी कॉन्टैक्ट को मैसेज भेज देता है। यह मैसेज आपके जानकार को चेतावनी देता है कि शायद कुछ गड़बड़ है।  READ MORE: Apple पर लगा टेक्नोलॉजी चोरी का आरोप, जानें पूरा मामला   किन लोगों के लिए है यह ऐप  यह ऐप खास तौर पर उन लोगों के लिए है जो अकेले रहते हैं, बड़े शहरों में काम करते हैं या जिनके बच्चे किसी दूसरे शहर में रहते हैं। ऐसे जीवन में कभी–कभी कोई नहीं जान पाता कि कुछ गलत हुआ है। यह ऐप डिजिटल सुरक्षा की एक छोटी चाबी की तरह काम करता है।   विशेषज्ञों का कहना है कि इसका सबसे बड़ा फायदा इसकी सरलता और हल्कापन है। यह ध्यान नहीं खींचता, किसी सोशल ऐप की तरह उलझाता नहीं, लेकिन जब जरूरत होती है, तो यह आपके लिए बोलता है।  READ MORE: Nvidia ने Groq की AI चिप टेक्नोलॉजी ली लाइसेंस पर  आधुनिक जीवन और अकेलेपन की कहानी  Are

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