Sam Altman का पीएम मोदी की Ghibli फोटो पर रिएक्शन, मचा हंगामा

6 mins read
962 views
Ghibli Studio
April 1, 2025

OpenAI के CEO सैम ऑल्टमैन ने हाल ही में Studio Ghibli शैली में बनाई गई प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तस्वीरों पर अपनी प्रतिक्रिया दी है।

Sam Altman on PM Modi: OpenAI के CEO सैम ऑल्टमैन ने हाल ही में पीएम मोदी की Studio Ghibli स्टाइल में बनाई गई तस्वीरों पर अपनी रिएक्शन दी है। ये तस्वीरें भारत सरकार के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म MyGov द्वारा शेयर की गई थीं। MyGov ने X पर इन फोटोज को पोस्ट करते हुए लिखा कि ‘मुख्य किरदार? नहीं, वह पूरी कहानी हैं’। Studio Ghibli के स्ट्रोक्स में देखें न्यू इंडिया का अनुभव।”

सैम ऑल्टमैन का रिएक्शन

सैम ऑल्टमैन ने इस पोस्ट को रीशेयर किया और इसके साथ भारत के झंडे का इमोजी भी पोस्ट किया। यह उनकी ओर से एक सकारात्मक प्रतिक्रिया मानी जा रही है, जिससे भारत में AI और Ghibli आर्ट स्टाइल की बढ़ती लोकप्रियता का अंदाजा लगाया जा सकता है।

पीएम मोदी की अनोखी तस्वीरें

MyGov द्वारा शेयर की गई इन तस्वीरों में प्रधानमंत्री मोदी को अलग-अलग पलों में दिखाया गया है। इनमें अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से हाथ मिलाते हुए, फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों के साथ पोज देते हुए, शेर के शावकों के साथ खेलते हुए और अयोध्या में रामलला मंदिर के दर्शन करते हुए के सीन शामिल हैं। इन सभी तस्वीरों को Ghibli स्टाइल में एनिमेटेड लुक दिया गया है, जो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।

सोशल मीडिया पर मिली मिली-जुली प्रतिक्रिया

सैम ऑल्टमैन के इस पोस्ट को लेकर सोशल मीडिया पर लोगों की अलग-अलग राय देखने को मिल रही है। कुछ लोगों ने इसे पसंद किया, तो कुछ ने इस पर नाराजगी जताई है। कई यूजर्स का कहना है कि OpenAI के CEO ने यह पोस्ट भारतीय यूजर्स को आकर्षित करने के मकसद से किया है। एक यूजर ने सवाल किया है कि सैम ऑल्टमैन को भारत क्यों पसंद है? वहीं, दूसरे यूजर ने लिखा उसे मार्केट की समझ है। तीसरे ने नाराजगी जताते हुए कहा कि जिस व्यक्ति ने यह स्टाइल बनाई, उसे कुछ नहीं मिलता और बाकी लोग करोड़ों कमाते हैं। कैसी दुनिया है।

ChatGPT की Ghibli स्टाइल पर विवाद

ChatGPT की Ghibli स्टाइल वाली तस्वीरें सोशल मीडिया पर खूब वायरल हो रही हैं, लेकिन इसके साथ ही विवाद भी खड़ा हो गया है। दरअसल, Ghibli स्टाइल की शुरुआत 1985 में जापानी एनिमेशन स्टूडियो Studio Ghibli ने की थी, जिसे हायाओ मियाजाकी, इसाओ ताकाहाता और तोशियो सुजुकी ने स्थापित किया था। अब कई लोग OpenAI पर यह आरोप लगा रहे हैं कि वह इस आर्टवर्क से मुनाफा कमा रहा है, जबकि असली क्रिएटर्स को इसका कोई लाभ नहीं मिल रहा।

Ragini Sinha

5 साल के अनुभव के साथ मैंने मीडिया जगत में कंटेट राइटर, सीनियर कंटेंट राइटर, मीडिया एनालिस्ट और प्रोग्राम प्रोड्यूसर के तौर पर काम किया है। बिहार चुनाव और दिल्ली चुनाव को मैंने कवर किया है। अपने काम को लेकर मुझे पुरस्कार से सम्मानित भी किया जा चुका है। काम को जल्दी सीखने की कला मुझे औरों से अलग बनाती है।

Leave a Reply

Your email address will not be published.

Spotify
Previous Story

Apple Fines: Apple पर लगा 1,368 करोड़ रुपये का जुर्माना

Technical News
Next Story

Ghibli- Style फोटो से Free में वीडियो कैसे बनाएं?

Latest from OpenAI

Prompt-Injection

Prompt Injection कैसे बन सकता है यूजर्स के लिए खतरा?

Openai AI Browser Security: AI टेक्नोलॉजी तेजी से हमारी रोजमर्रा की जिंदगी का हिस्सा बनती जा रही है। अब ऐसे AI एजेंट्स आ चुके हैं जो इंटरनेट ब्राउज कर सकते हैं, लिंक पर क्लिक कर सकते हैं, स्क्रॉल कर सकते हैं और यूजर की तरफ से काम भी कर सकते हैं। OpenAI का नया सिस्टम ChatGPT Atlas Agent Mode भी ऐसा ही एक ब्राउजर बेस्ड AI है, जो डिजिटल असिस्टेंट की तरह काम करता है, लेकिन इस स्मार्ट तकनीक के पीछे एक गंभीर सुरक्षा चिंता भी छुपी है, जिसे OpenAI ने खुद खुलकर स्वीकार किया है।  AI ब्राउजर एजेंट्स इंटरनेट चलाने में मदद तो करते हैं, लेकिन OpenAI ने खुद इनके सिक्योरिटी जोखिम को लेकर चेतावनी दी है, जानिए Prompt Injection क्या है और यह यूजर्स के लिए क्यों खतरनाक हो सकता है।  सुरक्षित नहीं हैं AI ब्राउजर  OpenAI का कहना है कि चाहे AI कितना भी स्मार्ट क्यों न हो, ऐसे ब्राउजर एजेंट्स को पूरी तरह सुरक्षित बनाना बेहद मुश्किल है। इसकी सबसे बड़ी वजह Prompt Injection Attack है। कंपनी इसे एक लॉन्ग टर्म AI सिक्योरिटी चैलेंज मानती है और यह भी मानती है कि साइबर हमलावर पहले से ही इन AI सिस्टम्स को गुमराह करने के तरीके खोज रहे हैं।  Prompt Injection क्या होता है?  Prompt Injection एक ऐसा तरीका है जिसमें किसी वेबसाइट, ईमेल, PDF, डॉक्युमेंट या कैलेंडर इनवाइट के अंदर छुपे हुए निर्देश डाले जाते हैं। AI इन छुपे मैसेज को असली कमांड समझ लेता है और यूजर के आदेशों को नजरअंदाज करके हमलावर की बात मान लेता है।  इससे कितना बड़ा नुकसान हो सकता है?  OpenAI के मुताबिक, अगर ऐसा हमला सफल हो जाए तो AI एजेंट प्राइवेट ईमेल आगे भेज सकता है, बिना अनुमति पैसे ट्रांसफर कर सकता है, पर्सनल फाइल्स लीक कर सकता है, गलत या अफवाह वाले मैसेज लिख सकता है और ऑफिस के टूल्स का गलत इस्तेमाल कर सकता है जैसे काम कर सकता है।  READ MORE: भारत में ही क्यों Free मिल रहा OpenAI, Google और Perplexity?  इस खतरे से खुद कैसे लड़ रहा है OpenAI?  OpenAI सिर्फ खतरे नहीं बता रहा है। दरअसल, कंपनी ने खुद एक AI रेड टीम अटैकर सिस्टम बनाया है। यह सिस्टम हैकर की तरह सोचता है और बार–बार AI ब्राउजर पर हमला करने की कोशिश करता है। यह अटैकर AI

Don't Miss