Meta AI Investment: Meta Platforms यानी Facebook और Instagram की पेरेंट कंपनी अब अपने भविष्य को AI के सहारे बढ़ाना चाहती है। कंपनी के CEO मार्क जुकरबर्ग इसे पर्सनल सुपरइंटेलिजेंस का दौर बता रहे हैं। इसी लक्ष्य को पाने के लिए Meta ने इस साल अपने कैपिटल एक्सपेंडिचर में 73% की बड़ी बढ़ोतरी करने का ऐलान किया है। यह पैसा खासतौर पर AI इंफ्रास्ट्रक्चर और बड़े डेटा सेंटर्स पर खर्च होगा।
Meta Platforms ने AI और डेटा सेंटर्स पर बड़ा दांव लगाते हुए अपने पूंजीगत खर्च में 73% बढ़ोतरी की है। मजबूत विज्ञापन कमाई के दम पर कंपनी 2026 तक 135 अरब डॉलर तक निवेश करने की तैयारी में है।
इस खबर से निवेशक काफी खुश नजर आए। कंपनी के मजबूत दिसंबर तिमाही नतीजों के बाद Meta के शेयर आफ्टर-मार्केट ट्रेडिंग में लगभग 10% बढ़ गए। तिमाही के दौरान कंपनी की विज्ञापन आय में 24% की बढ़ोतरी हुई है। Meta ने पहली तिमाही के लिए भी बेहतर राजस्व अनुमान जारी किया है, जिससे साफ है कि उसका मजबूत ऐड बिजनेस ही AI में हो रहे भारी निवेश को संभाल रहा है।
2026 में Capex 135 अरब डॉलर तक
Meta का कहना है कि 2026 में उसका पूंजीगत खर्च 115 अरब डॉलर से 135 अरब डॉलर के बीच हो सकता है। यह आंकड़ा बाजार के अनुमान से कहीं ज्यादा है और पिछले साल के मुकाबले तेज उछाल दिखाता है। यह बढ़ोतरी मुख्य रूप से नए डेटा सेंटर्स के निर्माण, AI उपकरणों की बढ़ती कीमत, थर्ड-पार्टी क्लाउड सर्विस कंपनियों को भुगतान और इंफ्रास्ट्रक्चर चलाने की लागत बढ़ने से होगी।
कंपनी कई बड़े AI डेटा सेंटर बना रही है क्योंकि AI सिस्टम को चलाने के लिए बहुत ज्यादा कंप्यूटिंग पावर चाहिए। Meta ने Google, CoreWeave और Nebius जैसी कंपनियों के साथ क्षमता समझौते भी किए हैं। कंपनी की CFO सुसन ली ने चेतावनी दी है कि 2026 के अधिकतर समय तक Meta को कंप्यूटिंग क्षमता की कमी का सामना करना पड़ सकता है।
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विज्ञापन बिजनेस से आ रहा है पैसा
Meta की कमाई का सबसे बड़ा जरिया अब भी उसका विज्ञापन कारोबार है। चौथी तिमाही में कंपनी की विज्ञापन आय 58.14 अरब डॉलर रही है। इसी कमाई की वजह से Meta AI पर इतना बड़ा खर्च कर पा रही है। हालांकि, समस्या यह है कि खर्च की रफ्तार कमाई से भी तेज बढ़ रही है, जिससे कंपनी के मुनाफे पर दबाव पड़ रहा है। बढ़ती इंफ्रास्ट्रक्चर लागत के कारण ऑपरेटिंग मार्जिन में गिरावट देखी जा रही है।
Meta अब कमाई के नए तरीके भी खोज रही है। कंपनी ने WhatsApp और Threads पर विज्ञापन शुरू कर दिए हैं। साथ ही Instagram Reels को तेजी से बढ़ाया जा रहा है, ताकि TikTok और YouTube Shorts से मुकाबला किया जा सके।
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बढ़ते खर्च और टैलेंट की दौड़
Meta ने अनुमान लगाया है कि 2026 में उसका कुल खर्च 162 अरब डॉलर से 169 अरब डॉलर के बीच पहुंच सकता है। इसमें कर्मचारियों की सैलरी भी बड़ा कारण है क्योंकि कंपनी बेहतरीन AI वैज्ञानिकों और इंजीनियरों को भर्ती करने के लिए भारी पैकेज दे रही है। जुकरबर्ग ने AI प्रोजेक्ट्स के लिए अलग टीम भी बनाई है, जिससे सिलिकॉन वैली में टैलेंट की होड़ और तेज हो गई है।
चालू तिमाही के लिए Meta ने 53.5 अरब से 56.5 अरब डॉलर के राजस्व का अनुमान दिया है, जो वॉल स्ट्रीट की उम्मीद से ज्यादा है।
