US-Iran तनाव से शेयर बाजार में बड़ी गिरावट, Sensex 450 अंक टूटा

US-Iran तनाव से शेयर बाजार में बड़ी गिरावट, Sensex 450 अंक टूटा

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May 8, 2026

Indian Share Market: वैश्विक तनाव का असर शुक्रवार को भारतीय शेयर बाजार पर साफ दिखाई दिया। सेंसेक्स आज 450 अंक नीचे (Sensex 450 Points Down Today) ट्रेंड करता रहा क्योंकि अमेरिका और ईरान (US Iran War) के बीच बढ़ते तनाव ने निवेशकों की चिंता बढ़ा दी है। कमजोर ग्लोबल संकेतों और कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों के कारण बाजार की शुरुआत लाल निशान में हुई।

सुबह 9:15 बजे बीएसई सेंसेक्स (BSE Sensex) 463.23 अंक यानी 0.60 प्रतिशत गिरकर 77,381.29 पर कारोबार करता दिखा। वहीं, एनएसई निफ्टी50 (NSE Nifty 50) भी 125.15 अंक यानी 0.51 प्रतिशत टूटकर 24,201.85 पर पहुंच गया। इसी वजह से सोशल मीडिया और निवेशकों के बीच Nifty 24200 अमेरिका और ईरान (US Iran tensions) सबसे ज्यादा चर्चा में रहा।

US-Iran तनाव के चलते आज Sensex 450 अंक टूटा और Nifty 24,200 पर, भारतीय शेयर बाजार में बड़ी गिरावट।

बैंकिंग और ऑटो शेयरों में बिकवाली

शुरुआती कारोबार में बैंकिंग और ऑटो सेक्टर पर सबसे ज्यादा दबाव देखने को मिला है। निजी बैंक, PSU बैंक, ऑटो और ऑयल एंड गैस कंपनियों के शेयरों में तेज बिकवाली हुई। बाजार को नीचे खींचने वाले बड़े शेयरों में HDFC Bank, ICICI Bank, Axis Bank, Mahindra & Mahindra, Tata Motors, Maruti Suzuki और Eicher Motors शामिल रहे।

विशेषज्ञों का मानना है कि अगर पश्चिम एशिया में तनाव और बढ़ता है तो बाजार में उतार-चढ़ाव और तेज हो सकता है। यही कारण है कि भारतीय शेयर बाजार में गिरावट 2026 (Indian Share Market Fall 2026) भी तेजी से ट्रेंड कर रहा है।

IT और फार्मा शेयरों ने संभाला मोर्चा

हालांकि, पूरे बाजार में कमजोरी के बीच IT, फार्मा और हेल्थकेयर सेक्टर में खरीदारी देखने को मिली। निवेशकों ने सुरक्षित माने जाने वाले सेक्टरों में पैसा लगाया, जिससे बाजार की गिरावट कुछ हद तक सीमित रही। रक्षा आधारित सेक्टरों में मजबूती यह दिखाती है कि निवेशक फिलहाल जोखिम से बचना चाहते हैं। बाजार में डर का माहौल होने पर आमतौर पर IT और फार्मा कंपनियों में निवेश बढ़ जाता है।

मिडकैप शेयर अब भी मजबूत

बड़े शेयरों में गिरावट के बावजूद मिडकैप कंपनियों ने बेहतर प्रदर्शन किया। विश्लेषकों के मुताबिक, निफ्टी मिडकैप इंडेक्स (Nifty Midcap Index) अभी भी रिकॉर्ड ऊंचाई के आसपास बना हुआ है। इससे संकेत मिलता है कि घरेलू निवेशकों का भरोसा अभी पूरी तरह कमजोर नहीं हुआ है।

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US-Iran तनाव का सीधा असर

ताजा रिपोर्ट्स के अनुसार, स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के पास अमेरिका और ईरान (US Iran War) के बीच तनाव फिर बढ़ गया है। ईरान ने अमेरिका पर संघर्ष विराम तोड़ने का आरोप लगाया है, जबकि अमेरिका का कहना है कि उसकी कार्रवाई जवाबी थी। इसी वजह से US Iran War Stock Market Impact को लेकर दुनियाभर के बाजारों में चिंता बढ़ गई है। निवेशकों को डर है कि अगर हालात और बिगड़े तो तेल सप्लाई प्रभावित हो सकती है।

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कच्चे तेल और सोने की कीमतों में तेजी

ब्रेंट क्रूड की कीमत 101 डॉलर प्रति बैरल के ऊपर पहुंच गई। भारत जैसे तेल आयात करने वाले देश के लिए यह चिंता की बात है क्योंकि इससे महंगाई और रुपये पर दबाव बढ़ सकता है। दूसरी ओर निवेशकों ने सुरक्षित निवेश की तरफ रुख किया, जिससे सोना और चांदी दोनों की कीमतों में करीब 0.41 प्रतिशत की बढ़त देखी गई। फिलहाल, निवेशकों की नजर अमेरिका-ईरान तनाव (US-Iran Tensions) और कच्चे तेल की कीमतों पर बनी हुई है।

Ragini Sinha

Ragini Sinha Analytics Insight में कंटेंट एनालिस्ट के रूप में कार्यरत हैं। यहां वह स्मार्ट टेक्नोलॉजी, गेमिंग, OTT, क्रिप्टोकरेंसी, ट्रेंडिंग न्यूज और स्टॉक मार्केट जैसे विषयों पर काम करती हैं और जटिल जानकारी को सरल व प्रभावशाली कंटेंट में बदलने के लिए जानी जाती हैं।
मीडिया इंडस्ट्री में 7 सालों के अनुभव के साथ उन्होंने कंटेंट राइटर से लेकर सीनियर कंटेंट राइटर और प्रोग्राम प्रोड्यूसर तक का सफर तय किया है। उन्होंने बिहार चुनाव और दिल्ली चुनाव जैसे बड़े इवेंट्स को कवर करते हुए ग्राउंड रिपोर्टिंग और गहन विश्लेषण में मजबूत पकड़ बनाई है, जिसके लिए उन्हें पुरस्कार से सम्मानित भी किया गया है।

रागिनी ने Zee News, NewsTrack, ETV Bharat और Way2News जैसे प्रमुख मीडिया प्लेटफॉर्म्स के साथ काम किया है। उन्होंने Makhanlal Chaturvedi National University of Journalism and Communication से बैचलर डिग्री और Bharatiya Vidya Bhavan से Public Relation में अध्ययन किया है।

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