CBI ने मुंबई के एक शख्स को गिरफ्तार कर अंतरराष्ट्रीय साइबर फ्रॉड और मानव तस्करी नेटवर्क का किया खुलासा

CBI की कार्रवाई, क्रिप्टो स्कैम नेटवर्क का मास्टरमाइंड गिरफ्तार

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March 27, 2026

CBI Crypto Scam Arrest: भारत की जांच एजेंसी CBI ने एक बड़े अंतरराष्ट्रीय साइबर फ्रॉड और मानव तस्करी गिरोह का पर्दाफाश करते हुए मुंबई के एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। आरोपी सुनील नेल्लाथु रामकृष्णन इस पूरे नेटवर्क का अहम सरगना था और लंबे समय से इस काम में शामिल था। CBI की जांच में सामने आया कि आरोपी लोगों को अच्छी नौकरी का लालच देता था, फिर वह पीड़ितों को पहले दिल्ली से बैंकॉक भेजता था, जहां उन्हें लगता था कि उन्हें थाईलैंड में नौकरी मिलेगी, लेकिन असल में उन्हें वहां से म्यांमार के मायावाडी इलाके में भेज दिया जाता था। सभी लोगों को KK Park नाम के एक कुख्यात कंपाउंड में रखा जाता था।

CBI ने मुंबई के एक शख्स को गिरफ्तार कर अंतरराष्ट्रीय साइबर फ्रॉड और मानव तस्करी नेटवर्क का किया खुलासा, लोगों को नौकरी का झांसा देकर म्यांमार भेजा जाता था।

जबरन करवाई जाती थी ऑनलाइन ठगी

इन कंपाउंड्स में पहुंचने के बाद पीड़ितों से जबरदस्ती साइबर फ्रॉड करवाया जाता था। उनसे डिजिटल अरेस्ट स्कैम, रोमांस फ्रॉड और क्रिप्टो निवेश से जुड़े घोटाले कराए जाते थे। ये ठगी सिर्फ भारत तक सीमित नहीं थी, बल्कि दुनिया भर के लोगों को निशाना बनाया जाता था। पीड़ितों को वहां बंदी बनाकर रखा जाता था, उनके साथ मारपीट होती थी और बाहर जाने की आजादी नहीं होती थी।

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घर से मिले अहम डिजिटल सबूत

CBI ने आरोपी के घर पर छापा मारा, जहां से कई डिजिटल सबूत बरामद हुए। इनसे पता चलता है कि उसका कनेक्शन म्यांमार और कंबोडिया में चल रहे बड़े साइबर फ्रॉड नेटवर्क से था। CBI के मुताबिक, पिछले साल कई भारतीय किसी तरह इन कंपाउंड्स से भागने में सफल हुए थे। उन्हें मार्च और नवंबर में थाईलैंड से भारत वापस लाया गया था। इन लोगों से पूछताछ के बाद ही इस पूरे नेटवर्क की जानकारी सामने आई और उसी आधार पर रामकृष्णन की पहचान कर उसे गिरफ्तार किया गया।

जांच अभी जारी और खुल सकते हैं राज

CBI इस मामले में अभी और लोगों की तलाश कर रही है, जिनमें कुछ विदेशी नागरिक भी शामिल हैं। एजेंसी म्यांमार और कंबोडिया तक फैले इस नेटवर्क की पूरी जांच कर रही है, ताकि इसके हर लिंक को पकड़ा जा सके। विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसे मामलों में ब्लॉकचेन और क्रिप्टो ट्रैकिंग टूल्स का इस्तेमाल बहुत जरूरी है। इससे इन फ्रॉड नेटवर्क्स के पैसों के लेनदेन का पता लगाने में मदद मिलती है।

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दुनिया भर में फैला है यह नेटवर्क

Interpol ने भी इन स्कैम कंपाउंड्स को एक बड़ा अंतरराष्ट्रीय खतरा माना है, जो 60 से ज्यादा देशों को प्रभावित कर रहा है। हाल ही में अमेरिका ने भी ऐसे नेटवर्क से जुड़े करीब 580 मिलियन डॉलर के क्रिप्टो एसेट्स जब्त किए हैं, जबकि चीन में भी इस तरह के गिरोहों पर सख्त कार्रवाई की गई है। CBI की यह कार्रवाई एक बड़े अंतरराष्ट्रीय साइबर फ्रॉड नेटवर्क को तोड़ने की दिशा में अहम कदम है।

Ragini Sinha

Ragini Sinha Analytics Insight में कंटेंट एनालिस्ट के रूप में कार्यरत हैं। यहां वह स्मार्ट टेक्नोलॉजी, गेमिंग, OTT, क्रिप्टोकरेंसी, ट्रेंडिंग न्यूज और स्टॉक मार्केट जैसे विषयों पर काम करती हैं और जटिल जानकारी को सरल व प्रभावशाली कंटेंट में बदलने के लिए जानी जाती हैं।
मीडिया इंडस्ट्री में 7 सालों के अनुभव के साथ उन्होंने कंटेंट राइटर से लेकर सीनियर कंटेंट राइटर और प्रोग्राम प्रोड्यूसर तक का सफर तय किया है। उन्होंने बिहार चुनाव और दिल्ली चुनाव जैसे बड़े इवेंट्स को कवर करते हुए ग्राउंड रिपोर्टिंग और गहन विश्लेषण में मजबूत पकड़ बनाई है, जिसके लिए उन्हें पुरस्कार से सम्मानित भी किया गया है।

रागिनी ने Zee News, NewsTrack, ETV Bharat और Way2News जैसे प्रमुख मीडिया प्लेटफॉर्म्स के साथ काम किया है। उन्होंने Makhanlal Chaturvedi National University of Journalism and Communication से बैचलर डिग्री और Bharatiya Vidya Bhavan से Public Relation में अध्ययन किया है।

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