AI Governance Guidelines 2026: 7 सूत्रों के साथ सुरक्षित और स्मार्ट डिजिटल भारत की शुरुआत

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भारत सरकार ने AI गवर्नेंस गाइडलाइंस जारी कर दी हैं
February 16, 2026

India AI Governance Guidelines 2026: दिल्ली में आज उत्साह और हलचल का माहौल है क्योंकि यहां India AI Impact Summit 2026 की शुरुआत हो चुकी है। मुख्य कार्यक्रम शुरू होने से ठीक पहले सरकार ने एक इम्पोर्टेन्ट डॉक्यूमेंट जारी किया है, जिसका टेक जगत को लंबे समय से इंतजार था। इसका नाम India AI Governance Guidelines है। यह नया ढांचा तय करता है कि भारत में अब AI का उपयोग और विकास किस तरह किया जाएगा।

भारत सरकार ने AI गवर्नेंस गाइडलाइंस जारी कर दी हैं, जिनका उद्देश्य सुरक्षित, पारदर्शी और लोगों के हित में AI का विकास सुनिश्चित करना है।

सरकार ने स्पष्ट किया है कि यह नीति सुरक्षा और तेज तकनीकी विकास के बीच संतुलन बनाए रखने पर बेस्ड है। इसका लक्ष्य ‘विकसित भारत 2047’ के विजन के अनुरूप AI को आर्थिक बदलाव और जनकल्याण का साधन बनाना है। यह केवल जोखिम रोकने की नीति नहीं है, बल्कि खेती, स्वास्थ्य और शिक्षा जैसे क्षेत्रों में आम लोगों को लाभ पहुंचाने पर भी केंद्रित है।

भविष्य को दिशा देने वाले 7 सूत्र

इस नीति ढांचे की नींव 7 सिद्धांतों पर रखी गई है, जिन्हें Seven सूत्र कहा गया है। इनमें ‘Trust is the Foundation’ और ‘People First’ जैसे विचार शामिल हैं। इसका मतलब है कि AI सिस्टम समाज के मूल्यों के अनुरूप हों और इंसानों की भूमिका हमेशा केंद्र में बनी रहे।

एक महत्वपूर्ण सिद्धांत Innovation over Restraint है। इसका उद्देश्य नवाचार को बढ़ावा देना है, ताकि स्टार्टअप और नई कंपनियां शुरुआती चरण में अत्यधिक नियमों के बोझ से न दबें। अन्य सिद्धांतों में Fairness & Equity शामिल है, ताकि किसी भी समुदाय के साथ पक्षपात न हो। साथ ही ‘Understandable by Design’ पर जोर दिया गया है, जिससे AI सिस्टम पारदर्शी और आसानी से समझे जा सकें।

निगरानी और सुरक्षा के लिए नए संस्थान

दिशानिर्देशों में नीति के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए नए संस्थानों के गठन की सिफारिश की गई है। इनमें AI Governance Group, Technology & Policy Expert Committee और AI Safety Institute शामिल होंगे। ये संस्थान सुरक्षा परीक्षण, नीति सलाह और तकनीकी मूल्यांकन में मदद करेंगे। Ministry of Electronics and Information Technology इस पूरी व्यवस्था का नेतृत्व करेगा। इसका उद्देश्य विभिन्न सरकारी विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करना और नवाचार के साथ सुरक्षा सुनिश्चित करना है।

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मजबूत इंफ्रास्ट्रक्चर और डेटा संसाधन

AI विकास के लिए कंप्यूटिंग क्षमता और डेटा बेहद महत्वपूर्ण हैं। रिपोर्ट के अनुसार, IndiaAI Mission के तहत 38,000 से अधिक GPU राष्ट्रीय सब्सिडी वाले कंप्यूट ढांचे में जोड़े गए हैं। इससे छोटे स्टार्टअप और शोध संस्थानों को महंगे हार्डवेयर पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा। इसके अलावा AIKosh प्लेटफॉर्म पर 9,500 से अधिक डेटासेट और 273 सेक्टोरल मॉडल उपलब्ध हैं। सरकार का मानना है कि इससे स्वदेशी AI मॉडल विकसित करने में तेजी आएगी और तकनीक कुछ बड़ी कंपनियों तक सीमित नहीं रहेगी।

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कंपनियों की जिम्मेदारी भी तय

AI विकसित और उपयोग करने वाली कंपनियों के लिए भी दिशानिर्देश जारी किए गए हैं। कंपनियों को AI से जुड़े नुकसान की शिकायत दर्ज करने के लिए grievance redressal प्रणाली बनानी होगी। उपयोगकर्ताओं को यह बताना जरूरी होगा कि वे मशीन से बात कर रहे हैं या इंसान से। कंपनियों को पारदर्शिता रिपोर्ट प्रकाशित करनी होगी और यदि किसी व्यक्ति को नुकसान का खतरा हो तो तुरंत कार्रवाई करनी होगी।

Ragini Sinha

5 साल के अनुभव के साथ मैंने मीडिया जगत में कंटेट राइटर, सीनियर कंटेंट राइटर, मीडिया एनालिस्ट और प्रोग्राम प्रोड्यूसर के तौर पर काम किया है। बिहार चुनाव और दिल्ली चुनाव को मैंने कवर किया है। अपने काम को लेकर मुझे पुरस्कार से सम्मानित भी किया जा चुका है। काम को जल्दी सीखने की कला मुझे औरों से अलग बनाती है।

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