ट्रंप ने 500 मिलियन डॉलर क्रिप्टो डील से बनाई दूरी

ट्रंप ने 500 मिलियन डॉलर क्रिप्टो डील से बनाई दूरी

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February 3, 2026

Trump Crypto Deal: अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि उनके या उनके परिवार का 500 मिलियन डॉलर की क्रिप्टोकरेंसी डील में कोई सीधा हिस्सा नहीं था। उन्होंने स्पष्ट किया कि उन्हें इस लेन-देन की जानकारी नहीं थी और उनके बेटे इसे अलग से संभाल रहे थे। ट्रंप ने सोमवार को कहा कि मुझे इसके बारे में नहीं पता। मैं जानता हूं कि क्रिप्टो बड़ी चीज बन गई है। मेरे बेटे और मेरा परिवार इसे संभाल रहा है।

डोनाल्ड ट्रंप ने 500 मिलियन डॉलर की क्रिप्टो डील से खुद को अलग बताया। यह निवेश World Liberty Financial प्लेटफॉर्म में हुआ, जिसमें अबू धाबी के शेख तहनून का नाम जुड़ा है।

World Liberty Financial डील क्या है?

यह डील World Liberty Financial नामक क्रिप्टो प्लेटफॉर्म से जुड़ी है, जो ट्रंप परिवार से नजदीकी रूप से जुड़ा है। रिपोर्ट्स के अनुसार, अबू धाबी के रॉयल फैमिली मेंबर Sheikh Tahnoon bin Zayed Al Nahyan ने Eric Trump के साथ WLFI में 49% हिस्सेदारी खरीदने का समझौता किया था। यह डील डोनाल्ड ट्रंप के राष्ट्रपति बनने से चार दिन पहले फाइनल हुई थी।

500 मिलियन डॉलर निवेश का विवरण

निवेश चरणों में किया गया। शुरुआती भुगतान 250 मिलियन डॉलर था, जिसमें से 187 मिलियन डॉलर ट्रंप परिवार से जुड़े संस्थानों को गया। 31 मिलियन डॉलर Steve Witkoff को और 31 मिलियन डॉलर प्लेटफॉर्म के अन्य को-फाउंडर Zak Folkman और Chase Herro से जुड़े संस्थानों को दिया गया। इन्वेस्टमेंट Aryam Investment 1 के जरिए हुआ, जो शेख तहनून द्वारा समर्थित है। यदि पूरी डील पूरी होती है तो Aryam Investment WLFI का सबसे बड़ा शेयरहोल्डर बन जाएगा।

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डील क्यों बनी चर्चा का विषय

डील की राशि, समय और शेख तहनून के अमेरिका के साथ संबंधों के कारण चर्चा में आई। बता दें कि  शेख तहनून Group 42 Holding Ltd. (G42) के चेयरमैन हैं। G42 को दिसंबर में अमेरिका की वाणिज्य विभाग ने उन्नत AI चिप्स खरीदने की मंजूरी दी थी।

राजनीतिक और नियामक प्रतिक्रिया

डील को लेकर अमेरिकी सांसदों ने सवाल उठाए। जनवरी में डेमोक्रेटिक सांसद एलिजाबेथ वॉरेन ने WLFI के बैंक चार्टर की समीक्षा तब तक रोकने की मांग की जब तक ट्रंप अपनी हिस्सेदारी हटाते, लेकिन Office of the Comptroller of the Currency ने कहा कि राजनीतिक या व्यक्तिगत वित्तीय संबंध समीक्षा को प्रभावित नहीं करेंगे।

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कंपनी का रुख

World Liberty Financial ने कहा कि ट्रंप का डील में कोई रोल नहीं था। कंपनी के प्रवक्ता डेविड वाच्समैन ने कहा कि ट्रंप या स्टीव विटकॉफ इस लेन-देन में कोई शामिल नहीं थे। राष्ट्रपति पद संभालने के बाद WLFI से उनका कोई लेना-देना नहीं है। हालांकि, इस पर कोई जांच शुरू नहीं हुई, निवेश की राशि, समय और विदेशी रॉयल परिवार की भागीदारी के कारण मीडिया, नियामक और सांसदों की निगाहें बनी हुई हैं।

Ragini Sinha

Ragini Sinha Analytics Insight में कंटेंट एनालिस्ट के रूप में कार्यरत हैं। यहां वह स्मार्ट टेक्नोलॉजी, गेमिंग, OTT, क्रिप्टोकरेंसी, ट्रेंडिंग न्यूज और स्टॉक मार्केट जैसे विषयों पर काम करती हैं और जटिल जानकारी को सरल व प्रभावशाली कंटेंट में बदलने के लिए जानी जाती हैं।
मीडिया इंडस्ट्री में 7 सालों के अनुभव के साथ उन्होंने कंटेंट राइटर से लेकर सीनियर कंटेंट राइटर और प्रोग्राम प्रोड्यूसर तक का सफर तय किया है। उन्होंने बिहार चुनाव और दिल्ली चुनाव जैसे बड़े इवेंट्स को कवर करते हुए ग्राउंड रिपोर्टिंग और गहन विश्लेषण में मजबूत पकड़ बनाई है, जिसके लिए उन्हें पुरस्कार से सम्मानित भी किया गया है।

रागिनी ने Zee News, NewsTrack, ETV Bharat और Way2News जैसे प्रमुख मीडिया प्लेटफॉर्म्स के साथ काम किया है। उन्होंने Makhanlal Chaturvedi National University of Journalism and Communication से बैचलर डिग्री और Bharatiya Vidya Bhavan से Public Relation में अध्ययन किया है।

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