Happy New Year Scam: 2025 की शुरुआत में अब कुछ ही घंटे बचे हैं और लोग अपनों को मिलने के साथ–साथ WhatsApp, SMS और सोशल मीडिया पर Happy New Year की शुभकामनाएं भेज रहे हैं, लेकिन इसी बीच साइबर ठग भी सक्रिय हो गए हैं। पुलिस, साइबर सुरक्षा एजेंसियों और टेलीकॉम एक्सपर्ट्स ने चेतावनी दी है कि नए साल की बधाइयों के नाम पर भेजे जा रहे कई मैसेज असल में ठगी का जरिया हो सकते हैं। 025 पर WhatsApp और SMS के Happy New Year मैसेज के नाम पर बढ़ रहे साइबर ठगी के खतरे और उनसे सुरक्षित रहने के आसान तरीके जानें। Happy New Year स्कैम क्या है हर साल की तरह इस बार भी ठग त्योहारों और जश्न का फायदा उठा रहे हैं। Happy New Year के नाम पर SMS, WhatsApp और सोशल मीडिया पर ऐसे मैसेज भेजे जा रहे हैं, जिनका मकसद लोगों को किसी लिंक पर क्लिक करवाना या उनकी निजी जानकारी चुराना है। ये मैसेज देखने में बिलकुल सामान्य और भरोसेमंद लगते हैं, जिससे लोग आसानी से फंस जाते हैं। स्कैम कैसे काम करता है ठग बड़ी संख्या में मैसेज भेजते हैं। ये किसी अनजान नंबर या हैक किए गए कॉन्टैक्ट के जरिए भी भेजे जा सकते हैं। मैसेज में लिंक, अटैचमेंट या नोटिफिकेशन होता है, जिसमें न्यू ईयर ग्रीटिंग कार्ड, कैशबैक ऑफर या कोई इनाम दिखाने का दावा किया जाता है। कई बार नंबर वेरिफाई करने को भी कहा जाता है। लिंक पर क्लिक करते ही खतरा जैसे ही यूजर लिंक पर क्लिक करता है, वह फर्जी वेबसाइट पर पहुंच जाता है या ऐप इंस्टॉल करने के लिए कहा जाता है। ये वेबसाइट और ऐप असली दिखते हैं और फोन नंबर, ईमेल या लॉगिन डिटेल्स मांगते हैं। कुछ मामलों में कॉल या मैसेज फॉरवर्डिंग चालू कर दी जाती है, जिससे यूजर के कॉल और OTP सीधे स्कैमर तक पहुँचते हैं। अकाउंट टेकओवर और स्कैम का फैलाव OTP और मैसेज मिलने के बाद ठग बैंकिंग ऐप्स, डिजिटल वॉलेट, ईमेल या WhatsApp अकाउंट पर कब्जा करने की कोशिश करते हैं। फिर उसी हैक किए गए अकाउंट से और लोगों को मैसेज भेजा जाता है। इस तरह यह ठगी भरोसेमंद नेटवर्क के जरिए तेजी से फैलती है। READ
Mappls public transport feature: Google Maps को कड़ी टक्कर देने वाला देसी मैप प्लेटफॉर्म Mappls यानी MapMyIndia अब एक नए दौर में प्रवेश कर चुका है। कंपनी ने अपने नेविगेशन ऐप में मल्टीमॉडल पब्लिक ट्रांसपोर्ट रूट को
Motorola Signature launch date confirms: Smartphone बाजार में Motorola प्रीमियम सेगमेंट और पावरफुल फीचर्स के साथ धमाकेदार एंट्री करने की तैयारी पूरी कर लिया है। कंपनी ने अपने अपकमिंग स्मार्टफोन Motorola Signature की भारत में लॉन्च डेट का खुलासा कर दिया
Blinkit CFO Resignation: क्विक कॉमर्स कंपनी Blinkit के चीफ फाइनेंशियल ऑफिसर विपिन कपूरिया ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। रिपोर्ट के मुताबिक, वह एक बार फिर Flipkart में सीनियर फाइनेंस रोल में लौट रहे हैं। इस खबर ने ई कॉमर्स और क्विक कॉमर्स इंडस्ट्री में चर्चा तेज कर दी है। क–कॉमर्स सेक्टर में बड़ा बदलाव: Blinkit छोड़कर Flipkart लौटे CFO विपिन कपूरिया, IPO और फंडिंग के दौर में अहम फैसला। Blinkit में एक साल से थोड़ा ज्यादा का सफर विपिन कपूरिया 2024 में Blinkit से जुड़े थे। उन्होंने यहां 1 साल से थोड़ा ज्यादा समय काम किया है। वह गुरुग्राम बेस्ड Blinkit में शामिल होने से पहले Flipkart में वाइस प्रेसिडेंट के पद पर थे। कपूरिया Blinkit के पहले फुल टाइम CFO थे क्योंकि यह पद 2022 से खाली था। उस समय Zomato द्वारा Blinkit के अधिग्रहण के बाद तत्कालीन CFO अमित सचदेवा ने कंपनी छोड़ दी थी। Flipkart के साथ पुराना रिश्ता Flipkart में विपिन कपूरिया की यह तीसरी पारी होगी। उन्होंने पहली बार 2015 में Flipkart जॉइन किया था। इसके बाद 2018 में वह हॉस्पिटैलिटी स्टार्टअप Oyo चले गए। 2020 में उन्होंने दोबारा Flipkart में वापसी की और फिर 2024 में Blinkit से जुड़े। अब एक बार फिर वह Flipkart के फाइनेंस लीडरशिप का हिस्सा बनने जा रहे हैं। Blinkit और Eternal में अहम भूमिका Blinkit में रहते हुए कपूरिया ने कंपनी के CEO अल्बिंदर ढिंढसा और Eternal के CFO अक्षांत गोयल के साथ मिलकर काम किया है। वह उस दौर में Blinkit से जुड़े थे, जब Eternal ने 8,500 करोड़ की राशि Qualified Institutional Placement के जरिए जुटाई थी। यह फंडिंग Blinkit और पूरे क्विक कॉमर्स सेक्टर के लिए अहम मानी गई है। READ MORE: Aman Jain बने Meta के नए पॉलिसी हेड क्विक कॉमर्स सेक्टर में तेजी और फंडिंग पिछले 12 से 14 महीनों में क्विक कॉमर्स इंडस्ट्री में बड़ा बदलाव देखने को मिला है। Swiggy ने 2024 में IPO और हालिया QIP के जरिए 14,500 करोड़ जुटाए। Zepto अगले साल 11,000 करोड़ का IPO लाने की तैयारी में है। READ MORE: Flipkart लाया स्मार्टफोन एक्सचेंज ऑफर, 40 मिनट में ऐसे करें अप्लाई Flipkart Minutes में नेतृत्व बदलाव