Petrol Diesel Price Hike: मंगलवार को भारतीय शेयर बाजार (Indian Stock Market) की शुरुआत मिली-जुली रही। एक तरफ कच्चे तेल की कीमतों में थोड़ी नरमी और अमेरिका-ईरान (US-Iran War) के बीच संभावित बातचीत की उम्मीद ने बाजार को सहारा दिया है। वहीं, दूसरी तरफ भू-राजनीतिक तनाव और महंगाई की चिंता अभी भी निवेशकों के मन में बनी हुई है।
Petrol-Diesel की कीमत में बढ़ोत्तरी के बाद Sensex और Nifty में तेजी! OMC शेयरों में उछाल, IT stocks ने मारी बाजी।
Petrol Diesel Price Hike: मंगलवार को भारतीय शेयर बाजार (Indian Stock Market) की शुरुआत मिली-जुली रही। एक तरफ कच्चे तेल की कीमतों में थोड़ी नरमी और अमेरिका-ईरान (US-Iran War) के बीच संभावित बातचीत की उम्मीद ने बाजार को सहारा दिया है। वहीं, दूसरी तरफ भू-राजनीतिक तनाव और महंगाई की चिंता अभी भी निवेशकों के मन में बनी हुई है।
सुबह कारोबार शुरू होते ही बीएसई सेंसेक्स (BSE Sensex) में मजबूती देखने को मिली। सेंसेक्स (Sensex Today) 75,600 के ऊपर खुला और करीब 300 अंकों की बढ़त के साथ कारोबार करता नजर आया। वहीं, NSE Nifty 50 ने 23,700 के ऊपर शुरुआत की, लेकिन बाजार में उतार-चढ़ाव बना रहा।
GIFT Nifty ने दिए सकारात्मक संकेत
कारोबार शुरू होने से पहले GIFT Nifty में हल्की मजबूती देखने को मिली। यह करीब 23,652 के स्तर पर 34.50 अंक ऊपर कारोबार करता दिखा। इससे संकेत मिले कि घरेलू बाजार (Domestic Market) सकारात्मक शुरुआत कर सकते हैं। हालांकि, प्री-ओपन सेशन में तस्वीर थोड़ी अलग दिखी। सुबह करीब 9:02 बजे Sensex 430.42 अंक यानी 0.57% बढ़कर 75,745.46 पर पहुंच गया था। दूसरी तरफ, Nifty 86.05 अंक यानी 0.36% गिरकर 23,562.80 के स्तर पर था। इससे साफ हुआ कि अलग-अलग सेक्टर्स में निवेशकों का रुख अलग बना हुआ है।
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ट्रंप के बयान से बाजार को राहत
वैश्विक बाजारों (Global Market Today) में थोड़ी राहत उस समय देखने को मिली जब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (Donald Trump) ने कहा कि ईरान के साथ परमाणु समझौते की ‘अच्छी संभावना’ है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, ट्रंप ने यह भी बताया कि अमेरिका का संभावित सैन्य हमला फिलहाल रोका गया है, ताकि बातचीत जारी रह सके।
इससे मिडिल ईस्ट (Middle East Tension) में तनाव कम होने की उम्मीद बढ़ी और बाजार को राहत मिली। हालांकि, निवेशकों की चिंता पूरी तरह खत्म नहीं हुई है क्योंकि खाड़ी क्षेत्र में हालिया तनाव और Hormuz Strait से तेल सप्लाई को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है।
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कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट
अमेरिका और ईरान (America and Iran Tension) के बीच बातचीत की संभावना बढ़ने के बाद ब्रेंट क्रूड की कीमतों में 2% से ज्यादा गिरावट आई। एशियाई बाजार (Asian Market Today) में ब्रेंट क्रूड करीब 109 डॉलर प्रति बैरल पर कारोबार करता दिखा, जबकि अमेरिकी क्रूड करीब 107 डॉलर प्रति बैरल के आसपास रहा। हालांकि, कीमतों में थोड़ी गिरावट आई है, लेकिन तेल अभी भी युद्ध से पहले के स्तर से काफी ऊपर बना हुआ है। इसका असर भारत जैसी तेल आयात करने वाली अर्थव्यवस्थाओं पर पड़ सकता है।
पेट्रोल-डीजल महंगा, OMC शेयरों पर नजर
सरकारी तेल कंपनियों ने एक हफ्ते में दूसरी बार पेट्रोल और डीजल (Petrol and Diesel Price) के दाम बढ़ा दिए हैं। मंगलवार को दोनों ईंधनों की कीमत में करीब 90 पैसे प्रति लीटर की बढ़ोतरी हुई। दिल्ली में पेट्रोल अब 98.64 प्रति लीटर और डीजल 91.58 प्रति लीटर हो गया है। इससे तेल मार्केटिंग कंपनियों (OMC) के शेयर चर्चा में बने रह सकते हैं।
महंगाई की चिंता बढ़ी
ऊंची तेल कीमतों का असर महंगाई पर भी दिख सकता है। अप्रैल में भारत की रिटेल महंगाई 3.48% रही, जबकि थोक महंगाई 8.3% तक पहुंच गई, जो पिछले 42 महीनों का उच्च स्तर है। विशेषज्ञों का मानना है कि अगर कच्चा तेल लंबे समय तक महंगा रहा, तो इससे भारत में महंगाई और आर्थिक दबाव दोनों बढ़ सकते हैं।
