Cerebras Gimlet Labs डील: Cerebras क्लाउड स्टार्टअप Gimlet Labs को सप्लाई करेगा AI सिस्टम।
Cerebras Gimlet Labs : Cerebras Systems स्टार्टअप Gimlet Labs को करीब 100 मेगावाट क्षमता वाले AI चिप्स और हार्डवेयर देगी। Gimlet इनका इस्तेमाल अपने क्लाउड कंप्यूटिंग कारोबार के लिए करेगा।
Cerebras Gimlet Labs Deal क्यों है खास?
Cerebras Gimlet Labs डील ऐसे समय हुई है, जब AI कंपनियां तेज इंफरेंस के लिए खास हार्डवेयर जुटा रही हैं। इंफरेंस वह प्रक्रिया है, जिसमें कोई AI मॉडल यूजर के सवाल का जवाब तैयार करता है। Gimlet के CEO जैन असगर के मुताबिक, तेज इंफरेंस साइबर सिक्योरिटी, वॉयस एप्लिकेशन और वित्तीय विश्लेषण जैसे क्षेत्रों में मदद कर सकता है। कंपनी ऐसे कारोबारों को क्लाउड सुविधा देना चाहती है, जिनके पूरे प्रोडक्ट में AI अहम भूमिका निभाता है।
Cerebras देगा CS-4 सिस्टम
Gimlet इन हार्डवेयर का इस्तेमाल फ्रंटियर मॉडल्स चलाने के लिए करेगा। ये आज के सबसे एडवांस AI मॉडल हैं और इन्हें तेज चलाने के लिए बहुत ज्यादा कंप्यूटिंग पावर चाहिए। Cerebras अपने CS-4 सिस्टम की सप्लाई करेगा। कंपनी ने इसे गर्मियों में पेश किया था। CEO एंड्रयू फेल्डमैन के अनुसार, हार्डवेयर की सप्लाई एक से दो साल में की जाएगी।
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2027 में क्लाउड पर मिलेगा हार्डवेयर
Gimlet ने कहा है कि वह 2027 में CS-4 हार्डवेयर को अपने क्लाउड पर उपलब्ध कराएगा। डील के बाद सिस्टम की देखरेख और संचालन की जिम्मेदारी Gimlet की होगी। Feldman ने कहा कि यह डील अलग-अलग कंपनियों के चिप्स और सिस्टम के साथ Cerebras हार्डवेयर लगाने की क्षमता को दिखाती है। दोनों कंपनियों ने डील की वित्तीय शर्तें सार्वजनिक नहीं की हैं।
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OpenAI और Nvidia भी बढ़ा रहे फोकस
तेज इंफरेंस की जरूरत को OpenAI और Nvidia जैसी कंपनियां भी अहम मानती हैं। Cerebras ने इस साल की शुरुआत में OpenAI को चिप्स सप्लाई करने का समझौता किया था। वहीं, Nvidia ने पिछले साल Groq के चिप्स और हार्डवेयर के लिए लाइसेंसिंग डील की थी।
