Spotify Honk AI: Artificial Intelligence बढ़ती क्रेज के बीच Spotify ने ऐसा खुलासा किया है जिसने टेक इंडस्ट्री में हलचल मचा दी है। कंपनी के टॉप इंजीनियर्स महीनों से खुद कोड नहीं लिख रहे। उनकी जगह AI सिस्टम काम संभाल रहा है। जिसके बाद से यह सवाल उठने लगे हैं कि क्या यह कोडिंग प्रोफेशन के अंत की शुरुआत है या काम करने के तरीके का नया अध्याय?
क्या AI कोडिंग प्रोफेशन को बदल देगा? Spotify का दावा है कि उसके इंजीनियर्स अब सिर्फ AI आउटपुट को रिव्यू करते हैं। टेक वर्ल्ड में इस बदलाव का क्या मतलब है, पढ़ें पूरी खबर।
कोडिंग पेशे पर उठने लगे सवाल
Spotify का यह खुलासा Elon Musk उस बयान का समर्थन करता है जिसके बारें उन्होंने कहा था कि आने वाले वर्षों में कोडिंग का पेशा काफी हद तक बदल सकता है। भले ही यह अनुमान कुछ लोगों को अतिशयोक्ति लगे, लेकिन बड़ी कंपनियों द्वारा अपनाए जा रहे ऑटोमेशन से यह स्पष्ट है कि AI का प्रभाव लगातार बढ़ रहा है। जो कहीं न कहीं बहुत बड़ी बदलाव की ओर संकेत कर रहा है।
READ MORE- Moltbook मेमे कॉइन पर ट्रेडर ने बनाया नया रिकॉर्ड
AI बना डेवलपमेंट का नया माध्यम
Spotify के को-सीईओ Gustav Söderström ने कंपनी की अर्निंग्स कॉल में बताया कि आंतरिक AI सिस्टम Honk AI अब डेवलपमेंट प्रक्रिया का प्रमुख हिस्सा बन चुका है। यह सिस्टम AI मॉडल Anthropic के Claude प्लेटफॉर्म पर आधारित है।और टीम के वर्कफ्लो के साथ गहराई से जुड़ा हुआ है।
चैट से तैयार हो रहा सॉफ्टवेयर
नई व्यवस्था के तहत इंजीनियर्स सीधे कोड लिखने के बजाय निर्देश देते हैं। AI बग ठीक करने, नए फीचर जोड़ने और कोड डिप्लॉय करने तक का काम कर देता है। पूरा सिस्टम टीम कम्युनिकेशन प्लेटफॉर्म Slack के साथ जुड़ा हुआ है, जिससे इंजीनियर्स कहीं से भी काम की निगरानी कर सकते हैं।
READ MORE- भारत की टेक इंडस्ट्री पर AI का असर, NITI Aayog ने दी चेतावनी
स्पीड में आया बड़ा बदलाव
AI के इस्तेमाल से प्रोडक्ट डेवलपमेंट की गति में काफी वृद्धि हुई है। पिछले वर्ष Spotify ने अपने ऐप में दर्जनों नए फीचर जोड़े और कई AI-आधारित सुविधाएं कम समय में लॉन्च कीं। कंपनी का मानना है कि इतनी तेजी पारंपरिक तरीके से संभव नहीं थी।
इंजीनियर्स खत्म नहीं, भूमिका बदली
यह सही है कि इंजीनियर्स अब कोडिंग नहीं कर रहे हैं लेकिन उनका रोल खत्म नहीं हुआ है। अब उनकी जिम्मेदारी सिस्टम की समीक्षा, संरचना तय करना, आउटपुट की समीक्षा करना और बड़े स्तर के प्रोडक्ट निर्णय लेना बन गया है। यानी इंजीनियर्स कोडर से डिजाइनर और मैनेजर की भूमिका में की ओर शिफ्ट हो रहे हैं।
