ChatGPT ads: Artificial Intelligence प्लेटफॉर्म ChatGPT अब अपने बिज़नेस मॉडल में बड़ा बदलाव करने की दिशा में कदम बढ़ा चुका है। कंपनी ने सीमित स्तर पर विज्ञापनों की टेस्टिंग शुरू कर दी है। फ्री यूजर्स को सेवा जारी रखने के नए विकल्प मिलेंगे। वहीं पेड यूजर्स का अनुभव पहले की तरह बिना विज्ञापन के रहेगा। तो आइए जानते हैं दोनों के लिए दिए जानेवाले विकल्प के बारे में विस्तार से।
ChatGPT Ads टेस्टिंग: फ्री यूजर्स के लिए नया बदलाव, पेड प्लान रहेंगे एड-फ्री। जानिए कैसे काम करेगा नया सिस्टम और आगे क्या बदल सकता है।
फ्री यूजर्स पर शुरू हुआ प्रयोग
बाते दें कि OpenAI ने इस फीचर की शुरुआत अमेरिका में की है। जहां लॉग-इन किए हुए वयस्क यूजर्स को ChatGPT के भीतर स्पॉन्सर्ड प्लेसमेंट के रूप में विज्ञापन दिखाए जा सकते हैं। यह पूरी तरह परीक्षण चरण में है। इसलिए इसे अभी सीमित समूह तक ही रखा गया है। लेकिन उम्मीद की जा रही है कि कंपनी जल्द ही इसे ला सकती है।
पेड सब्सक्रिप्शन में नहीं दिखेंगे विज्ञापन
कंपनी ने साफ किया है कि Plus, Pro, Business, Enterprise और Education जैसे पेड प्लान इस प्रयोग से बाहर रहेंगे। यानी सब्सक्रिप्शन लेनेवाले यूजर्स को पहले की तरह बिना विज्ञापन का लाभ मिलता रहेगा। वहीं, दूसरी तरफ OpenAI का यह भी कहना है कि OpenAI advertising से मिलने वाली आय फ्री सेवा को बनाए रखने में मदद कर सकती है।
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यूजर्स के सामने तीन रास्ते
इस बदलाव के साथ फ्री यूजर्स के पास तीन विकल्प होंगे। वे चाहें तो विज्ञापनों के साथ फ्री प्लान जारी रख सकते हैं या पेड प्लान में अपग्रेड कर सकते हैं। तीसरा, विकल्प यह है कि फ्री प्लान में रहते हुए विज्ञापन बंद करा दें, लेकिन इसके बदले रोजाना मिलने वाले संदेशों की सीमा कम हो सकती है।
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जवाबों से अलग रहेंगे विज्ञापन
OpenAI ने यह भरोसा दिलाया है कि विज्ञापन सीधे ChatGPT के जवाबों में शामिल नहीं किए जाएंगे। स्पॉन्सर्ड कंटेंट को स्पष्ट लेबल और अलग स्थान पर दिखाया जाएगा। जिससे यूजर्स को यह समझने में आसानी होगी की कौन-सा कंटेंट विज्ञापन है और कौन-सा सामान्य उत्तर।
कैसे तय होगा कौन-सा विज्ञापन दिखे
यह प्रक्रिया एक रिलेवेंस सिस्टम पर आधारित होगी। इसमें यूजर की चल रही बातचीत का विषय, पहले की चैट से जुड़े संकेत और विज्ञापनों के साथ यूजर की पिछली इंटरैक्शन जैसे कारकों को ध्यान में रखा जा सकता है। उद्देश्य यह है कि यूजर को ऐसे विज्ञापन दिखें जो उसके लिए उपयोगी हो सकते हैं।
अब देखना यह होगा कि इसे कितनी तेजी से अन्य देशों तक बढ़ाया जाएगा और विज्ञापनों की मात्रा कितनी होगी। कंपनी ने यह भी कहा है कि 18 वर्ष से कम आयु के यूजर्स को विज्ञापन नहीं दिखाए जाएंगे।
