India Stock Market: सोमवार को भारतीय शेयर बाजार ने हफ्ते की शुरुआत काफी कमजोर तरीके से की है। बाजार खुलते ही BSE Sensex और NSE Nifty 50 में बड़ी गिरावट देखने को मिली है। Sensex करीब 75,900 के आस पास खुला और 1,600 से ज्यादा अंक टूट गया। वहीं, Nifty भी 23,600 के आसपास खुला और 400 से ज्यादा अंक गिर गया।
शेयर बाजार में आज क्यों आई बड़ी गिरावट? Sensex- Nifty के टूटने, तेल की कीमत बढ़ने और ग्लोबल तनाव की पूरी जानकारी।
प्री-ओपन सेशन में गिरावट और भी ज्यादा थी। सुबह 9:02 बजे Sensex 3,615.80 अंक यानी 4.66% गिरकर 73,934.45 पर पहुंच गया, जबकि Nifty 694.90 अंक यानी 2.89% टूटकर 23,355.70 पर आ गया। इससे साफ है कि बाजार में अचानक डर का माहौल बन गया है।
वैश्विक तनाव बना गिरावट की बड़ी वजह
इस गिरावट की सबसे बड़ी वजह अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बढ़ता तनाव है। खासतौर पर US और Iran के बीच बातचीत बिना किसी समझौते के खत्म हो गई। यह बातचीत पाकिस्तान में हुई थी, लेकिन परमाणु कार्यक्रम जैसे अहम मुद्दों पर सहमति नहीं बन पाई। अमेरिका ने अपना ‘फाइनल ऑफर’ दिया, लेकिन ईरान ने उसे मानने से इनकार कर दिया। इससे पश्चिम एशिया में तनाव और बढ़ने की आशंका है, जिसका असर सीधे शेयर बाजार पर दिख रहा है।
कच्चे तेल की कीमतों में उछाल से बढ़ी परेशानी
तनाव बढ़ने के साथ ही कच्चे तेल की कीमतों में भी तेज उछाल आया है। Strait of Hormuz में स्थिति खराब होने और अमेरिका द्वारा नौसैनिक नाकाबंदी की घोषणा के बाद तेल की कीमतें 100 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच गई हैं।
भारत के लिए यह चिंता की बात है क्योंकि देश अपनी ज्यादातर जरूरत का तेल आयात करता है। महंगा तेल महंगाई बढ़ा सकता है, रुपये को कमजोर कर सकता है और शेयर बाजार पर दबाव डालता है।
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किन सेक्टरों में गिरावट ज्यादा रही
कुछ सेक्टर जैसे बैंकिंग, ऑटो, रियल एस्टेट और मेटल में हल्की खरीदारी देखने को मिली, लेकिन IT सेक्टर पर दबाव बना रहा। Infosys, Tech Mahindra, HCL Technologies और Hindustan Unilever जैसे बड़े शेयरों में गिरावट रही।
पिछले हफ्ते की तेजी पर लगा ब्रेक
पिछले हफ्ते बाजार में अच्छी तेजी आई थी। Sensex 4,230.7 अंक चढ़ा था और Nifty 1,337.5 अंक ऊपर गया था, लेकिन अब हालात बदल गए हैं और उस तेजी का असर कम होता दिख रहा है। आने वाले दिनों में बाजार की दिशा कुछ अहम आंकड़ों से तय होगी। 13 अप्रैल को CPI और 14 अप्रैल को WPI के आंकड़े जारी होंगे। इसके अलावा, कंपनियों के तिमाही नतीजे भी अहम रहेंगे, जिनमें Wipro, HDFC Bank और ICICI Bank शामिल हैं।
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विदेशी निवेशकों की बिकवाली से बढ़ा दबाव
विदेशी निवेशक लगातार भारतीय बाजार से पैसा निकाल रहे हैं। इस महीने अब तक करीब 48,213 करोड़ रुपये की बिकवाली हो चुकी है, जिससे बाजार पर दबाव और बढ़ गया है। 14 अप्रैल को अंबेडकर जयंति के कारण बाजार बंद रहेगा। इस वजह से ट्रेडिंग के दिन कम होंगे और बाजार में उतार-चढ़ाव ज्यादा देखने को मिल सकता है।
