अमेरिकी क्रिएटर्स के लिए डिजिटल पेमेंट का नया विकल्प

अमेरिकी क्रिएटर्स के लिए डिजिटल पेमेंट का नया विकल्प

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December 12, 2025

YouTube PYUSD Payout: YouTube ने एक बड़ा फैसला लिया है, जिससे अब अमेरिका के क्रिएटर्स अपनी कमाई PayPal के PYUSD stablecoin में भी ले सकेंगे। यह वही stablecoin है जो अमेरिकी डॉलर से जुड़ा रहता है। यह नया ऑप्शन लाइव हो चुका है और दिखाता है कि YouTube अब डिजिटल मनी और क्रिप्टो टेक्नोलॉजी के प्रति और ज्यादा ओपन हो रहा है।

YouTube ने अब अमेरिकी क्रिएटर्स के लिए PYUSD Stablecoin में पेमेंट लेने का नया विकल्प शुरू किया है, जानें यह फीचर कैसे काम करता है और इससे क्रिएटर्स को क्या फायदे मिलेंगे।

YouTube का नया पेमेंट तरीका

YouTube पहले से ही क्रिएटर्स को पेमेंट देने के लिए PayPal का उपयोग करता है। अब PayPal ने अपनी सर्विस में एक नया विकल्प जोड़ा है, जिसमें पेमेंट सीधे PYUSD Stablecoin में मिल सकती है। यह प्रक्रिया बेहद आसान है। इसमें YouTube हमेशा की तरह क्रिएटर्स को डॉलर में पेमेंट भेजेगा, PayPal उस डॉलर को PYUSD में बदल देगा और क्रिएटर को सीधा उसके PayPal या Venmo वॉलेट में PYUSD मिल जाएगा।

यानी कि YouTube को क्रिप्टो हैंडल करने की कोई जरूरत नहीं है। पूरी क्रिप्टो कन्वर्जन PayPal खुद करता है। PayPal Crypto की हेड ने बताया कि यह फीचर अभी केवल U.S.based creators के लिए है।

PYUSD क्या है?

PayPal ने 2023 में PYUSD लॉन्च किया था। यह एक डॉलर बैक्ड Stablecoin है। यानी इसकी वैल्यू हमेशा लगभग 1 डॉलर के बराबर रहती है।

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कुछ खास बातें

  • PYUSD को PayPal और Venmo में स्टोर किया जा सकता है
  • इसे ऑनलाइन पेमेंट्स में इस्तेमाल किया जा सकता है
  • इसका मार्केट वैल्यू लगभग 4 बिलियन डॉलर के करीब पहुंच चुका है

PayPal अपने सभी प्रोडक्ट्स में धीरे-धीरे PYUSD को जोड़ रहा है। आगे चलकर छोटे बिजनेस भी इसी में सप्लायर्स को पेमेंट कर सकेंगे।

बड़ी टेक कंपनियां Stablecoin में क्यों दिलचस्पी ले रही हैं?

YouTube का यह कदम अकेले नहीं आया है। 2025 में दुनिया की बड़ी टेक कंपनियां भी स्टेबलकॉइन और ब्लॉकचेन पेमेंट सिस्टम में काफी रुचि दिखा रही हैं। अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने हाल ही में GENIUS Act पर साइन किया है, जो अमेरिका में स्टेबलकॉइन पेमेंट्स के लिए एक रेगुलेटेड सिस्टम तैयार करता है, Stripe ने 1.1 बिलियन डॉलर देकर Bridge नाम की स्टेबलकॉइन कंपनी खरीदी है और Apple, Google, Meta, Airbnb और X भी स्टेबलकॉइन पेमेंट्स को अपनाने की दिशा में काम कर रहे हैं। इन कंपनियों का मानना है कि स्टेबलकॉइन से पेमेंट्स तेज होंगी, सस्ती होंगी और ग्लोबल लेवल पर तुरंत भेजी जा सकेंगी। बता दें कि Google ने इसे पेमेंट सिस्टम का बड़ा अपग्रेड कहा था।

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YouTube क्रिएटर्स को क्या फायदा होगा?

YouTube के करोड़ों क्रिएटर्स हैं। अगर PYUSD में पेमेंट लेना आसान हो गया, तो क्रिएटर्स बिना बैंक ट्रांसफर के तेज पैसे पा सकेंगे, ग्लोबल पेमेंट को समझना आसान होगा और क्रिप्टो का इस्तेमाल करना आम लोगों के लिए आसान बन जाएगा। इस अपडेट से क्रिप्टो दुनिया और क्रिएटर इकोनॉमी पहले से ज्यादा करीब आ जाएंगे।

Ragini Sinha

Ragini Sinha Analytics Insight में कंटेंट एनालिस्ट के रूप में कार्यरत हैं। यहां वह स्मार्ट टेक्नोलॉजी, गेमिंग, OTT, क्रिप्टोकरेंसी, ट्रेंडिंग न्यूज और स्टॉक मार्केट जैसे विषयों पर काम करती हैं और जटिल जानकारी को सरल व प्रभावशाली कंटेंट में बदलने के लिए जानी जाती हैं।
मीडिया इंडस्ट्री में 7 सालों के अनुभव के साथ उन्होंने कंटेंट राइटर से लेकर सीनियर कंटेंट राइटर और प्रोग्राम प्रोड्यूसर तक का सफर तय किया है। उन्होंने बिहार चुनाव और दिल्ली चुनाव जैसे बड़े इवेंट्स को कवर करते हुए ग्राउंड रिपोर्टिंग और गहन विश्लेषण में मजबूत पकड़ बनाई है, जिसके लिए उन्हें पुरस्कार से सम्मानित भी किया गया है।

रागिनी ने Zee News, NewsTrack, ETV Bharat और Way2News जैसे प्रमुख मीडिया प्लेटफॉर्म्स के साथ काम किया है। उन्होंने Makhanlal Chaturvedi National University of Journalism and Communication से बैचलर डिग्री और Bharatiya Vidya Bhavan से Public Relation में अध्ययन किया है।

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