चीन में AI chatbot इस्तेमाल पर बरस रहा पैसा…जानें क्या है मामला?

7 mins read
1 views
चीन में AI chatbot इस्तेमाल पर बरस रहा पैसा
February 3, 2026

AI chatbot cash rewards: सोचिए, आप मोबाइल पर किसी AI chatbot से सवाल पूछ रहे हैं और बदले में आपके अकाउंट में नकद पैसा ट्रांसफर हो रहा हो या फिर आपको नया Smartphone और स्मार्ट TV मिलने का मौका मिल रहा हो तो कैसा लगेगा?  दरअसल, यह कोई लकी ड्रॉ नहीं है चीन में छिड़ी AI सुपरपावर बनने की होड़ का नतीजा है। Alibaba, Tencent और Baidu जैसी दिग्गज कंपनियां यूज़र्स पर अरबों युआन खर्च कर रही है। AI चैटबॉट्स की दुनिया में यह पहली बार है जब सवाल पूछना और बातचीत करना, कमाई का जरिया बनता दिख रहा है। तो आइए जानते हैं इसके पीछे की कहानी के बारे में विस्तार से।

Artificial Intelligence की रेस में कंपनियां अपना रहे हैं नए-नए तरकीब…अब यूजर्स को सवाल पूछने पर मिल रहा है इनाम…यूज़र्स को बना रहे करोड़पति! जानिए क्या है मामला?

चीनी टेक दिग्गजों की नई रणनीति

Alibaba, Tencent और Baidu जैसे बड़े नाम अब AI को प्रमोट करने के लिए पारंपरिक विज्ञापन छोड़कर रेड एनवेलप नीति अपना रहे हैं। मतलब, यूज़र ऐप डाउनलोड करे, चैट करे और बदले में रियल कैश पाए। यह कदम ऐसे वक्त उठाया गया है जब ये कंपनियां अपने नए AI मॉडल्स लॉन्च करने की तैयारी में हैं।

READ MORE-  अब एक क्लिक में होगा Firefox का सारा AI बंद

Alibaba का आक्रामक प्लान

इस दौड़ में तो अलीबाबा और अधिक एग्रेसिव दिख रही है। कंपनी ने अपने AI ऐप Qwen के लिए करीब 3 अरब युआन का फंड अलग किया है। यह स्कीम 6 फरवरी 2026 से शुरू होगी, जो चीनी नववर्ष के दौरान यूज़र्स को तेजी से जोड़ने का बड़ा दांव माना जा रहा है। Alibaba चाहती है  कि AI आम लोगों की रोजमर्रा की आदत बन जाए।

Tencent कैश तो Baidu गजैट्स

वहीं, Tencent और Baidu ने करीब 1 अरब युआन के इनाम का ऐलान किया है। जिसमें कुछ यूज़र्स को हजारों युआन तक मिल सकते हैं। वहीं Baidu ने कैश के साथ-साथ iPhone और स्मार्ट टीवी जैसे प्रीमियम गिफ्ट शामिल कर स्कीम को और आकर्षक बना दिया है।

READ MORE-  SC ने WhatsApp और Meta को फटकारा

जितनी ज्यादा एक्टिविटी, उतने ज्यादा पैसे

यूज़र को बस AI ऐप पर रजिस्टर करना है और उससे बातचीत करनी है। चाहे वह ट्रैवल प्लानिंग हो, किसी कठिन विषय पर सवाल हो या सामान्य जानकारी। जितनी ज्यादा एक्टिविटी, उतने ज्यादा इनाम के मौके। असल में चीनी कंपनियां अब सीधे Google और OpenAI जैसे वैश्विक AI दिग्गजों को चुनौती दे रही हैं। Alibaba का दावा है कि उसका नया Qwen3-Max-Thinking मॉडल, तर्क और विश्लेषण के मामले में Google के Gemini से आगे है।

Apple की नजर में जगह बनाने की कोशिश

इस AI मुकाबले में एक बड़ा नाम और भी जुड़ा हुआ है। Apple। चीन में Apple अपने एडवांस AI फीचर्स के लिए Google Gemini का इस्तेमाल नहीं कर सकता। ऐसे में उसे किसी लोकल AI पार्टनर की जरूरत है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, Alibaba इस रेस में मजबूत दावेदार माना जा रहा है, हालांकि Apple की ओर से अभी कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।

कहीं यह आदत, आफत न बन जाए

कुल मिलाकर देखें तो कंपनियां भविष्य की AI बादशाहत के लिए आज पैसा लुटा रही हैं और इसका सीधा फायदा आम यूज़र को मिल रहा है। लेकिन कहीं बाद में यह आदत यूजर्स के लिए आफत न आ जाए यह भी सोचनीय विषय है।

Rahul Ray

मीडिया क्षेत्र में 10 वर्षों का अनुभव। हिन्द पोस्ट हिन्दी मैगज़ीन, ईटीवी भारत और दैनिक भास्कर जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों के साथ कार्य करते हुए प्रिंट और डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय भूमिका निभाई है। दिल्ली और बिहार के विभिन्न जिलों में न्यूज़ रिपोर्टिंग, ग्राउंड स्टोरीज़, कंटेंट प्लानिंग, कॉपी एडिटिंग एवं कंटेंट एडिटिंग से जुड़ी विभिन्न जिम्मेदारियों को सफलतापूर्वक संभालने का अनुभव है। मैंने भारतीय विद्या भवन, दिल्ली से मास कम्युनिकेशन में डिप्लोमा और गुरु जम्भेश्वर विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, हिसार से डिग्री प्राप्त की है। पाठक केंद्रित कंटेंट तैयार करना मेरी कार्यशैली में शामिल रही है।

Leave a Reply

Your email address will not be published.

फ्रांस ने Elon Musk की X कंपनी पर छापेमारी की
Previous Story

फ्रांस ने Elon Musk की X कंपनी पर छापेमारी की

Latest from Artificial Intelligence

Don't Miss