Russia WhatsApp Ban: रूस ने 11 फरवरी को WhatsApp को अपने आधिकारिक रजिस्टर से हटा दिया है। इसका मतलब है कि अब ऐप रूस के सामान्य डिजिटल सिस्टम में काम नहीं करेगा। रूस में WhatsApp के 1 करोड़ से ज्यादा यूजर थे इसलिए यह कोई छोटा प्रतिबंध नहीं है। जो लोग अभी भी WhatsApp इस्तेमाल करना चाहते हैं, उन्हें VPN का सहारा लेना पड़ेगा।
रूस में WhatsApp हटाया गया, Max ऐप को बढ़ावा। Telegram और अन्य ऐप्स पर भी पाबंदी, पढ़ें क्या कारण और क्या विकल्प हैं।
WhatsApp की बंदी धीरे-धीरे हुई
WhatsApp पर यह बंदी अचानक नहीं आई। पिछले कई महीनों से ऐप धीरे-धीरे प्रभावित हो रहा था। पिछले साल गर्मियों में वॉइस कॉलिंग बंद कर दी गई थी। उसके बाद ऐप धीरे-धीरे स्लो और इस्तेमाल करने में मुश्किल हो गया। दिसंबर तक, ऐप के इस्तेमाल में 70-80% तक गिरावट आ गई थी। बुधवार को रजिस्टर से हटाना केवल अंतिम कदम था, जिसे अचानक कदम नहीं कहा जा सकता।
Today the Russian government attempted to fully block WhatsApp in an effort to drive people to a state-owned surveillance app. Trying to isolate over 100 million users from private and secure communication is a backwards step and can only lead to less safety for people in Russia.…
— WhatsApp (@WhatsApp) February 12, 2026
Meta के अन्य ऐप्स भी रूस में प्रभावित हुए। Facebook और Instagram को पहले ही ‘अत्यंतवादी’ ऐप्स कहकर हटा दिया गया था। YouTube को अभी भी बंद नहीं किया गया है, लेकिन लोग इसकी धीमी लोडिंग की शिकायत कर रहे हैं।
Max ऐप रूस का नया विकल्प
रूस सरकार अब Max नाम का ‘सुपर ऐप’ को बढ़ावा दे रही है। यह विदेशी ऐप्स का विकल्प है और इसे चीन के WeChat की तरह डिजाइन किया गया है। Max में मैसेजिंग के साथ-साथ सरकारी सेवाओं, डॉक्यूमेंट स्टोरिंग, बैंकिंग टूल्स और सामान्य फीचर्स जैसे पैसे ट्रांसफर और कॉल शामिल हैं।
एक्सपर्ट और आलोचकों का कहना है कि Max उपयोगकर्ताओं की गतिविधियों को ट्रैक कर सकता है। रूस का राज्य मीडिया इसे गलत बता रहा है। VKontakte ने इसे बनाया है, जो अब पूरी तरह रूस सरकार के स्वामित्व में है। रूस ने यह भी अनिवार्य कर दिया है कि फोन और टैबलेट पर Max पहले से इंस्टॉल होना चाहिए।
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Telegram पर भी पाबंदी और विरोध
रूस ने Telegram पर भी कुछ प्रतिबंध लगाए हैं। उनका कहना है कि यह ‘रूसी नागरिकों की सुरक्षा’ के लिए जरूरी है और Telegram ने उनके बताए गए ‘अपराधिक और आतंकवादी’ कंटेंट को ब्लॉक नहीं किया। Telegram के संस्थापक Pavel Durov ने कहा कि नागरिकों की स्वतंत्रता को रोकना सही नहीं है। Telegram हमेशा स्वतंत्रता और प्राइवेसी का समर्थन करता है।
Russia is restricting access to Telegram to force its citizens onto a state-controlled app built for surveillance and political censorship. This authoritarian move won’t change our course. Telegram stands for freedom and privacy, no matter the pressure.
— Pavel Durov (@durov) February 10, 2026
Telegram रूस में सैन्य और नागरिकों के बीच भी इस्तेमाल होता है। यूक्रेन के नजदीकी इलाकों में यह ड्रोन और मिसाइल हमलों की चेतावनी देने के लिए उपयोगी है इसलिए Telegram पर दबाव लोगों में नाराजगी पैदा कर रहा है।
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WhatsApp वापस आ सकता है?
क्रेमलिन प्रवक्ता Dmitry Peskov ने कहा कि अगर Meta रूस के कानून का पालन करती है और सरकार से बातचीत करती है, तो समझौते की संभावना है। अगर कंपनी कानून के अनुसार नहीं चलती, तो WhatsApp वापस नहीं आ सकता।
