Opening Bell : भारतीय शेयर बाजार ने 30 सितंबर को कमजोरी के साथ शुरुआत की। शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स 2.92 अंक गिरकर 72,526.15 पर पहुंच गया। वहीं, निफ्टी 33.65 अंक यानी 0.15% गिरकर 22,682.55 पर खुला। हालांकि, बाजार में शुरुआती दौर में बढ़त वाले शेयरों की संख्या ज्यादा रही।
30 सितंबर को भारतीय शेयर बाजार गिरावट के साथ खुला, सेंसेक्स और निफ्टी की चाल।
निफ्टी 22,700 के आसपास, बाजार में मिला-जुला रुख
आज शुरुआती कारोबार में करीब 1,744 शेयर बढ़त में रहे। वहीं, 686 शेयरों में गिरावट आई और 164 शेयरों में कोई बदलाव नहीं हुआ। निफ्टी पर TCS, इंटरग्लोब एविएशन, HCL टेक्नोलॉजीज, जियो फाइनेंशियल और HUL प्रमुख बढ़त वाले शेयर रहे। दूसरी तरफ डॉ. रेड्डीज लैब्स, HDFC बैंक, हिंडाल्को, JSW स्टील और SBI लाइफ इंश्योरेंस में गिरावट दिखी। सेक्टोरल बाजार की बात करें तो निफ्टी PSU बैंक इंडेक्स करीब 1% चढ़ा। यह शुरुआती कारोबार में सबसे ज्यादा बढ़ने वाला प्रमुख इंडेक्स रहा। वहीं, मेटल और फार्मा शेयरों पर दबाव दिखा।
कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट से बाजार को राहत
Enrich Money के CEO पोनमुडी आर के मुताबिक, कच्चे तेल की कीमतों में तेज गिरावट से भारतीय शेयर बाजार को कुछ राहत मिल सकती है। इससे हाल के सत्रों में घरेलू बाजार पर बना दबाव कम हुआ है। हालांकि, तेल की कीमतों में नरमी के पीछे अमेरिका-ईरान संघर्ष और क्षेत्रीय ऊर्जा आपूर्ति को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है। इसलिए बाजार की नजर आगे भी वैश्विक संकेतों पर रहेगी।
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एशियाई बाजारों में भी मिला-जुला कारोबार
एशियाई बाजारों में बुधवार को मिला-जुला रुख रहा। दक्षिण कोरिया का KOSPI और हांगकांग का हैंग सेंग नीचे कारोबार कर रहे थे। दूसरी तरफ शंघाई का SSE कंपोजिट और जापान का निक्केई 225 मामूली बढ़त में रहे। विदेशी निवेशकों की बिकवाली भी जारी है। एक्सचेंज के आंकड़ों के मुताबिक, विदेशी संस्थागत निवेशकों ने मंगलवार को 9,980.22 करोड़ रुपए की इक्विटी बेची।
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India VIX गिरा, रुपया शुरुआती कारोबार में कमजोर
बाजार का डर मापने वाला India VIX करीब 2% गिरकर 13.17 पर आ गया। इससे शुरुआती कारोबार में घबराहट कम होने के संकेत मिले। दूसरी तरफ रुपया बुधवार को शुरुआती कारोबार में सीमित दायरे में रहा। अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपया 3 पैसे कमजोर होकर 95.97 पर पहुंच गया। सरकारी तेल कंपनियों की डॉलर मांग और कच्चे तेल की कीमतों में मजबूती से रुपये पर दबाव बना रहा। अभी बाजार की दिशा तय करने में वैश्विक संकेत, कच्चे तेल की कीमतें और विदेशी निवेशकों की गतिविधियां अहम रहेंगी।
DISCLAIMER: यह जानकारी बाजार और उपलब्ध आंकड़ों पर आधारित है। शेयर बाजार में निवेश जोखिम के अधीन है। निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार से सलाह जरूर लें।
