1 अक्टूबर से SBI के सभी सैलरी पैकेज अकाउंट में दूसरे बैंकों के ATM पर फ्री ट्रांजैक्शन 10 से घटकर 5 प्रति माह होंगे। फाइनेंशियल और नॉन-फाइनेंशियल दोनों ट्रांजैक्शन इसमें शामिल होंगे।
1 अक्टूबर से बैंकों को बल्क डिपॉजिट की लागू ब्याज दर पहले से बतानी होगी। साथ ही, हर दिन सुबह 10 बजे बल्क डिपॉजिट की ब्याज दर का डिस्क्लोजर करना होगा।
15 अक्टूबर से कुछ मर्चेंट UPI पेमेंट में 2,000 से ज्यादा के ट्रांजैक्शन पर MDR लागू होगा। P2P पेमेंट और 2,000 तक के भुगतान इस बदलाव से बाहर रहेंगे।
1 अक्टूबर से PoP के जरिए नया NPS अकाउंट खोलने पर हर PRAN के लिए 200 का वन-टाइम ऑनबोर्डिंग चार्ज लागू होगा। यह बदलाव नए सब्सक्राइबर्स पर असर डालेगा।
1 अक्टूबर से सब्सिडी के साथ रेगुलेटेड सेलिंग प्राइस पर LPG रिफिल बुक करने के लिए पात्र कंज्यूमर्स को Biometric Aadhaar Authentication पूरा करना जरूरी होगा।
अक्टूबर से बैंकिंग, UPI, NPS और LPG से जुड़े कई नियम बदल रहे हैं। इनका सीधा असर बैंक कस्टमर्स, NPS सब्सक्राइबर्स, LPG कंज्यूमर्स और UPI मर्चेंट्स पर पड़ सकता है।